म्यांमार में नौकरी का झांसा देकर फंस गए दो सौ भारतीयों को बचाया गया: विदेश मंत्रालय

विदेश मंत्रालय ने कहा है कि उसने म्यांमा में नौकरी का झांसा देकर फंसाए गए दो सौ भारतीयों को बचाया है। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अरिंदम बागची ने आज नई दिल्ली में संवाददाताओं को बताया कि इनमें से 153 लोगों को वापस भारत लाया जा चुका है, जबकि 50 लोगों को लाने की प्रक्रिया चल रही है। उन्होंने कहा कि इसी तरह 108 लोगों को कम्बोडिया से भी भारत लाया जा चुका है। उन्होंने कहा कि भारत सरकार ने म्यांमा और थाईलैंड के अधिकारियों से अनुरोध किया है कि वह इस तरह की परेशानी में फंसे भारतीयों को स्वदेश भेजने की प्रक्रिया में मदद करें। उन्होंने अगाह किया कि इन देशों में वीजा ऑन अराइवल की सुविधा केवल पर्यटकों के लिए है, न कि नौकरी चाहने वालों के लिए। कतर में फीफा विश्व कप में भारतीय भगोड़े जाकिर नाइक की मौजूदगी के सवाल पर अरिंदम बागची ने कहा कि यह मुददा कतर के समक्ष उठाया गया है।

भारत में धार्मिक स्वतंत्रता की स्थिति पर अमरिकी अंतर्राष्ट्रीय धार्मिक स्वतंत्रता आयोग की रिपोर्ट पर उन्होंने कहा कि इसमें तथ्यों को गलत तरीके से पेश किया गया है। उन्‍होंने कहा कि ये इस बात को भी दर्शाता है कि आयोग भारत के संवैधानिक ढांचे, बहुलता और मजबूत लोकतांत्रिक प्रणाली के बारे में पूर्वाग्रह से ग्रसित है। यह उनका एक एजेंडा है, जो उनकी विश्वसनीयता पर सवाल खड़े करता है।