झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री की गिरफ्तारी को लेकर कांग्रेस ने संसद के दोनों सदनों से वॉकआउट किया

झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री की गिरफ्तारी और राज्य की राजनीतिक स्थिति को लेकर कांग्रेस के नेतृत्व वाले विपक्ष ने आज संसद के दोनों सदनों से वॉकआउट किया। आज सुबह जब राज्यसभा की बैठक शुरू हुई, तो विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे ने यह मुद्दा उठाया और कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के इस्तीफे के बाद 43 से अधिक विधायकों का समर्थन दिखाने के बावजूद, राज्य के राज्यपाल झामुमो-कांग्रेस गठबंधन को आमंत्रित करने में देरी की। उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य में लोकतंत्र का गला घोंटा जा रहा है।

इस पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए सदन के नेता पीयूष गोयल ने कहा कि राज्यपाल के आचरण पर सदन में चर्चा या सवाल नहीं उठाया जा सकता। उन्होंने कहा कि राज्यपाल कानून के अनुसार काम कर रहे हैं, यह मामला राज्य में भ्रष्टाचार से जुड़ा है और पूर्व मुख्यमंत्री इसमें शामिल हैं। बाद में विपक्ष ने हेमंत सोरेन की गिरफ्तारी को लेकर सदन से वाकआउट कर दिया।

वित्त मंत्री निर्मला सीतारामन ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि उनका वॉकआउट भ्रष्टाचार के समर्थन में है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि कांग्रेस पार्टी सांसद डी के सुरेश की आपत्तिजनक टिप्पणियों से ध्यान भटकाने के लिए झारखंड मुद्दा उठा रही है। भारत राष्‍ट्र समिति-बीआरएस के नेता केशव राव ने राज्य में कार्यवाहक मुख्यमंत्री से संबंधित मुद्दा उठाते हुए कहा कि जब मुख्यमंत्री इस्तीफा दे देते हैं, तो संसदीय लोकतंत्र में शून्यता नहीं हो सकती।