लोकसभा ने कंपनी संशोधन विधेयक 2018 पारित किया

Discussion on Muslim Women Marital Rights Protection Bill, 2012 in Lok Sabha tomorrow

लोकसभा ने कंपनी संशोधन विधेयक 2018 पारित कर दिया है। यह विधेयक इस बारे में गत वर्ष नवम्‍बर में जारी अध्‍यादेश का स्‍थान लेगा। इस विधेयक के द्वारा कंपनी अधिनियम 2013 में कई संशोधन किये गये हैं। इनमें व्‍यापार को और सहज बनाना, राष्‍ट्रीय कंपनी कानून ट्राईब्‍यूनल में सुधार और नियमों को न मानने वाली कंपनियों के खिलाफ कड़े प्रावधान किया जाना शामिल हैं। आज लोकसभा में विधेयक पर हुई चर्चा का जवाब देते हुए कॉरपोरेट मामलों के राज्‍यमंत्री पी०पी० चौधरी ने कहा कि यह विधेयक विशेष अदालतों और राष्‍ट्रीय कंपनी कानून ट्राईब्‍यूनल में विशेष रूप से सुधार के लिए लाया गया है।

उन कंपनियों को चेक करने के लिए अगर कमेंसमेंट ऑफ बिजनेस उन्‍होंने डिक्‍लेर नहीं किया तो यह माना जाएगा कि यह बिजनेस करने के लिए कंपनी बनी ही नहीं है। उसके लिए पेड ऑफ शेयर पे करना पडेगा। तो सारा देखने के लिए सेक्‍शन 10ए इंट्रडूस किया यह भी बहुत जरूरी था, जल्‍दी था इसलिए इमिडिएट एक्‍शन लिया गया। एंड अपार्ट फ्रम दिस ऑडिनेंस जो लाना इसलिए जरूरी था क्‍योंकि इनको अगर नहीं करते तो और भी केसिज बढ़ जाते तो उससे जो परपज जो होता आईबीसी का इंसोलेवेंसी एंड बैंकरप्‍सी कोड की जो टाइम लाइन दिए हुए हैं वो उस टाइम लाइन नहीं हो पाते।

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