नई दिल्‍ली में रामलीला मैदान में पार्टी के राष्‍ट्रीय अधिवेशन के समापन-सत्र को प्रधानमंत्री ने संबोधित किया

आज नई दिल्‍ली में रामलीला मैदान में पार्टी के राष्‍ट्रीय अधिवेशन के समापन-सत्र को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि यह जनता को तय करना है कि वह मजबूत सरकार चाहती है या गठबंधन वाली कमजोर सरकार।

ये सारे मिलकर अब देश में एक मजबूर सरकार बनाने में जुट गए हैं वो नहीं चाहते कि देश में मजबूत सरकार बने और उनकी दुकान फिर बंद हो जाए। वो मजबूर सरकार चाहते हैं। ताकि भ्रष्‍टाचार कर सकें। इस देश का नागरिक मजबूत सरकार चाहता है ताकि व्‍यवस्‍था में भ्रष्‍टाचार को खत्‍म कर सके।

प्रधानमंत्री नरेन्‍द्र मोदी ने विपक्षी दलों के प्रस्‍तावित महागठबंधन को विफल प्रयोग बताया है। उन्‍होंने आरोप लगाया है कि गठबंधन में शामिल दल भाई-भतीजावाद और भ्रष्‍टाचार को बढ़ावा देने वाली कमजोर सरकार बनाने के इरादे से एकजुट हो रहे हैं।

इन दिनों भारतीय राजनीतिक इतिहास के एक असफल प्रयोग को महागठबंधन के नाम से प्रचारित करने का अभियान चल रहा है। जब कांग्रेस इतनी गर्त में भी नहीं थी तब उन्‍होंने कांग्रेस को छोड़ा और कांग्रेस के सामने खड़े हुए थे अब आज जब कांग्रेस रसातल में है, भ्रष्‍टाचार में डूबी हुई है, उसके बड़े-बड़े नेता जमानत पर हैं, तो ये कांग्रेस विरोध में जन्‍मे हुए दल कांग्रेस के सामने जाकर सरेंडर कर रहे हैं।

प्रधानमंत्री ने कहा कि कांग्रेस उच्‍चतम न्‍यायालय में अपने वकीलों के माध्‍यम से अयोध्‍या मामले में अड़ंगा डालने की कोशिश कर रही है। उन्‍होंने यह भी कहा कि विपक्षी दल झूठे आरोप लगाकर प्रधान न्‍यायाधीश पर महाभियोग चलाना चाहते थे।

कांग्रेस अपने वकीलों के माध्‍यम से न्‍याय प्रक्रिया में बाधा पहुंचाने की कोशिश कर रही है। कांग्रेस को तो देश के मुख्‍य न्‍यायाधीश को हटाने के लिए उन पर आरोप लगाकर महाभियोग के लिए भी तैयारी की थी। कांग्रेस नहीं चाहती कि अयोध्‍या विषय का हल आए इसके लिए भी उसके वकील सुप्रीम कोर्ट गए थे। हमें कांग्रेस का यह रवैया भूलना नहीं है।

प्रधानमंत्री ने कहा कि आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के युवाओं के लिए शिक्षा और सरकारी नौकरियों में दस प्रतिशत आरक्षण से नये भारत का आत्‍मविश्‍वास बढ़ेगा।

सामान्‍य श्रेणी के गरीब युवाओं को शिक्षा और सरकारी सेवाओं में 10 प्रतिशत आरक्षण नए भारत के आत्‍मविश्‍वास को और बढ़ाने वाला है। ये मेरे उन भाइयों-बहनों को समानता देने की ऐतिहासिक कोशिश थी, जिनके साथ जाति के आधार पर भेदभाव किया जाता रहा है ये व्‍यवस्‍था आज भी उतनी ही मजबूत है जितनी पहले थी।

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि पिछली सरकारों ने किसानों को केवल एक वोटबैंक के रूप में देखा लेकिन मौजूदा सरकार किसानों की चुनौतियों का समाधान करने के लिए लगातार प्रयास कर रही है। उन्‍होंने कहा कि एनडीए सरकार वर्ष 2022 तक किसानों की आमदनी दोगुनी करने के लिए दिन-रात काम कर रही है।

हमारी सरकार ने शॉर्टकट के बजाया लम्‍बा और कठिन रास्‍ता चुना है। किसानों की मूल समस्‍याओं को सुलझाने के लिए कदम उठाए जा रहे हैं और ये प्रक्रिया निरन्‍तर जारी है। बीज से लेकर बाजार तक सरकार नई और आधुनिक व्‍यवस्‍थाओं का निर्माण कर रही है। ये व्‍यवस्‍थाएं बनने में समय जरूर लेती है लेकिन इनका लाभ बहुत बड़े स्‍तर पर मिलता है।

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि सबका साथ सबका विकास और एक भारत श्रेष्‍ठ भारत उनकी सरकार का ध्‍येय है। उन्‍होंने पार्टी कार्यकर्ताओं से कहा कि जीत के लिए मेरा बूथ सबसे मजबूत का मंत्र अपनाना होगा।

Related posts