उज्बेकिस्तान के विदेश मंत्री सईदोव बख्तियार ओदिलोविच ने आज राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु से मुलाकात की
उज्बेकिस्तान के विदेश मंत्री सईदोव बख्तियार ओदिलोविच ने आज राष्ट्रपति भवन में भारत की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु से मुलाकात की।
राष्ट्रपति भवन में ओदिलोविच और उनके प्रतिनिधिमंडल का स्वागत करते हुए राष्ट्रपति ने कहा कि भारत और उज्बेकिस्तान के बीच गहरे ऐतिहासिक, सांस्कृतिक, और सभ्यतागत संबंध हैं जिनकी जड़ें प्राचीन व्यापारिक मार्गों से जुड़ी हैं। उन्होंने यह उल्लेख किया कि वास्तुकला, भाषा, खान-पान, संगीत और धार्मिक परंपराओं जैसी साझी विरासत ने दोनों देशों की साझेदारी को और मजबूत किया है।
राष्ट्रपति ने कहा कि दौरे पर आए प्रतिनिधिमंडल में शामिल प्रमुख लीडरों की उपस्थिति और यात्रा के दौरान भारत-उज्बेकिस्तान व्यापार मंच का आयोजन इस बात का प्रमाण है कि दोनों देशों के उद्योग जगत का एक-दूसरे के बाजारों पर भरोसा निरंतर बढ़ रहा है। उन्होंने खनन क्षेत्र, विशेष रूप से दुर्लभ मृदा खनिजों (रेयर अर्थ मिनरल्स), कृषि, फार्मास्यूटिकल्स और सूचना प्रौद्योगिकी के क्षेत्रों में भारत और उज्बेकिस्तान के बीच सहयोग की अपार संभावनाओं पर भी प्रकाश डाला।
राष्ट्रपति ने यह जानकर प्रसन्नता व्यक्त की कि उज्बेकिस्तान के 3,000 से अधिक अधिकारियों, पेशेवरों और विद्यार्थियों ने हमारे आईटीईसी प्रशिक्षण कार्यक्रमों और अन्य छात्रवृत्ति कार्यक्रमों का लाभ उठाया है। साथ ही, 16,000 से अधिक भारतीय विद्यार्थी उज्बेकिस्तान में उच्च शिक्षा प्राप्त कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि ये विद्यार्थी दोनों देशों के बीच एक सेतु का कार्य कर रहे हैं तथा आपसी समझ को बढ़ावा देने के साथ-साथ जन-से-जन संबंधों को और अधिक मजबूत बना रहे हैं।
दोनों नेताओं ने इस बात पर सहमति जताई कि इस यात्रा के दौरान हुए विचार-विमर्श से दोनों देशों के बीच मित्रता, विश्वास, और सहयोग के संबंध और अधिक मजबूत होंगे।





