विद्युत मंत्रालय के सचिव पंकज अग्रवाल ने नई दिल्ली में फ्रांस की ईडीएफ के अध्यक्ष और मुख्य कार्यकारी अधिकारी बर्नार्ड फोंटाना के साथ बैठक की। इस बैठक में भारत में प्रस्तावित ईपीआर रिएक्टरों की स्थापना को लेकर ईडीएफ के बीच चल रही बातचीत की समीक्षा की गई। बैठक में भारत के तरफ से विद्युत मंत्रालय, विदेश मंत्रालय, केंद्रीय विद्युत प्राधिकरण (सीईए), एनटीपीसी लिमिटेड और एनपीसीआईएल के अधिकारी उपस्थित थे, जबकि फ्रांसीसी पक्ष से ईडीएफ और भारत में फ्रांसीसी दूतावास के अधिकारी उपस्थित थे।
चर्चा का केंद्र बिंदु ईपीआर तकनीक की परिनियोजन, परमाणु क्षेत्र के लिए भारत के नियामक सुधार, पंप्ड हाइड्रो स्टोरेज प्रोजेक्ट पर सहयोग और मजबूत, पारस्परिक रूप से लाभकारी साझेदारी था।
ईडीएफ ने भारत में बड़े पैमाने पर स्थानीयकरण के लिए एक इकोसिस्टम और आपूर्ति श्रृंखला बनाने के अपने प्रयासों के बारे में भारतीय पक्ष को अवगत कराया और दोहराया कि कई परमाणु रिएक्टरों वाला एक बड़ा कार्यक्रम आपूर्तिकर्ताओं को विश्वास दिलाएगा और भारतीय उद्योग की क्षमताओं का लाभ उठाकर बड़े पैमाने पर अर्थव्यवस्थाओं को सक्षम करेगा।
विद्युत सचिव ने फ्रांसीसी पक्ष को भारत के परमाणु ऊर्जा क्षेत्र के नियामक ढांचे को अंतिम रूप देने में हुई प्रगति के बारे में जानकारी दी, जिसमें परमाणु ऊर्जा विभाग द्वारा हितधारकों के परामर्श के लिए सार्वजनिक रूप से जारी किए गए शांति (भारत के परिवर्तन के लिए परमाणु ऊर्जा का सतत दोहन और विकास) नियमों और विनियमों का मसौदा भी शामिल है। ये नियम एक सुव्यवस्थित, समयबद्ध लाइसेंसिंग अवसंरचना प्रदान करते हैं और भारत के परमाणु ऊर्जा कार्यक्रम में निजी और विदेशी भागीदारों की भागीदारी को सक्षम बनाते हैं।
दोनों पक्षों ने इस क्षेत्र में प्रस्तावित एनटीपीसी-ईडीएफ संयुक्त उद्यम के आधार पर पंप्ड हाइड्रो स्टोरेज प्रोजेक्ट पर सहयोग पर भी चर्चा की।





