पश्चिम एशिया संघर्ष के बीच सरकार ने कहा, देश में उर्वरक बीज और कृषि रसायनों का पर्याप्त भण्डारण उपलब्ध
पश्चिम एशिया संघर्ष के बीच सरकार ने कहा है कि देश में उर्वरक बीज और कृषि रसायनों का पर्याप्त भण्डारण उपलब्ध है। पश्चिम एशिया के घटनाक्रमों पर नई दिल्ली में अंतरमंत्रालयी बैठक में कृषि विभाग की अपर सचिव मनिंदर कौर द्विवेदी ने बताया कि देश भर में खरीफ फसलों के 185 लाख क्विंटल से अधिक बीज उपलब्ध हैं।
जितने प्रमुख फसल है उनका पर्याप्त बीज उपलब्ध है धान जिसका सबसे ज्यादा अधिक मात्रा में उपयोग होता है 80 दशमलव 9 लाख क्विंटल, सोयाबीन 35 दशमलव 7 लाख क्विंटल, मूंगफली 21 दशमलव एक, मक्का 11 दशमलव 9 और बाकी तुअर, मूंग और उड़द इनकी पर्याप्त मात्रा में बीज की उपलब्धता है। यह बीच की उपलब्धता सभी राज्यों में पर्याप्त क्वांटिटी में अवेलेबल है।
अपर सचिव ने कहा कि वर्तमान खरीफ सीजन के लिए पहले से ही 46 प्रतिशत उर्वरक उपलब्ध हैं और कृषि रसायनों की भी पर्याप्त उपलब्धता है। उन्होंने कहा कि टमाटर, प्याज और आलू सहित प्रमुख फसलों की कीमतें स्थिर हैं और थोक स्तर पर इनमें सुधार दिख रहा है।
पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय की संयुक्त सचिव सुजाता शर्मा ने कहा कि देश में कच्चे तेल का भंडार वर्तमान में पर्याप्त है।
हमारी क्रूड इन्वेंटरी सफिशिएंट है और भारत सरकार ने अगले दो महीने के लिए सफिशिएंट क्रूड के लिए अरेंजमेंट किया हुआ है। हमारी रिफाईनरीज उच्चतम स्तर पर चल रही हैं, रिटेल आउटलेट्स पर कोई ड्राई आउट रिपोर्टेड नहीं है। घरेलू उपभोक्ताओं के लिए पेट्रोल, डीजल की दरों में कोई वृद्धि नहीं की गई है।
वहीं, विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने बताया कि तेहरान स्थित भारतीय दूतावास ने अब तक एक हजार 171 भारतीयों को आवागमन में सहायता की है। इनमें 818 छात्र शामिल हैं जो भारत लौट रहे हैं।





