केंद्र ने पश्चिम बंगाल में निपाह वायरस के दो संदिग्ध रोगियों के मिलने के बाद राज्य में एक राष्ट्रीय संयुक्त प्रकोप राहत दल तैनात किया
केंद्र ने पश्चिम बंगाल में निपाह वायरस के दो संदिग्ध रोगियों के मिलने के बाद राज्य में एक राष्ट्रीय संयुक्त प्रकोप राहत दल तैनात किया है। इन रोगियों की पहचान कल कल्याणी के भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद की विषाणु अनुसंधान और निदान प्रयोगशाला में हुई।
स्वास्थ्य मंत्रालय ने एक वीडियो साझा किया है। इसमें केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जगत प्रकाश नड्डा ने कहा है कि केंद्र सरकार राज्य सरकार को प्रकोप के प्रभावी प्रबंधन और रोकथाम के लिए व्यापक तकनीकी और परिचालन सहायता प्रदान कर रही है। उन्होंने कहा कि सूचना मिलते ही स्वास्थ्य और परिवार कल्याण सचिव ने स्थिति की समीक्षा के लिए पश्चिम बंगाल के मुख्य सचिव और स्वास्थ्य विभाग के प्रधान सचिव से तुरंत चर्चा की है।
इन केसेज़ की सूचना मिलते ही, हमारे भारत सरकार के स्वास्थ्य सचिव ने वेस्ट बंगाल के मुख्य सचिव और प्रिंसिपल सेक्रेटरी, हेल्थ के साथ स्थिति के बारे में चर्चा की। वेस्ट बंगाल को सहायता देने के लिए और आऊट ब्रेक को रोकने के लिए तुरंत ही नेशनल जॉइंट आऊट ब्रेक रिस्पॉन्स टीम हमने स्थापित की और जिसके विभिन्न संस्थाओं के एक्सपर्ट्स को भी हमने जोड़ा है। भारत सरकार इस घड़ी में वेस्ट बंगाल सरकार के साथ दृढ़ता के साथ खड़ी है। भारत सरकार पूरी तरीके से टेक्निकल, लॉजिस्टिकल और ऑपरेशनल सपोर्ट दे रही है।
स्वास्थ्य मंत्री नड्डा ने कहा कि उन्होंने पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी से बात कर इस दिशा में केंद्र-राज्य समन्वय पर बल दिया है।
नागरिकों की सहायता के लिए, राज्य सरकार ने दो हेल्पलाइन नंबर शुरू किए हैं। ये नम्बर हैं- 033 2333-0180 और 9874708858





