सरकार ने आज नई दिल्ली स्थित संसद भवन परिसर में पश्चिम एशिया की स्थिति पर सर्वदलीय बैठक बुलाई। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने इसकी अध्यक्षता की। बैठक में गृह मंत्री अमित शाह, विदेश मंत्री एस जयशंकर, पेट्रोलियम मंत्री हरदीप पुरी, संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू, जेडीयू के कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा और राजीव रंजन (ललन) सिंह सहित अन्य नेता उपस्थित थे।
कांग्रेस नेता मुकुल वासनिक और तारिक अनवर, सीपीआई (एम) सांसद जॉन ब्रिटास और समाजवादी सांसद धर्मेंद्र यादव तथा अन्य विपक्षी दलों के नेता भी बैठक में उपस्थित थे। यह बैठक पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच हो रही है, जिसने महत्वपूर्ण समुद्री गलियारों को बाधित कर दिया है और खाड़ी देशों में भारतीय नागरिकों की सुरक्षा को लेकर चिंताएं बढ़ा दी हैं।
यह सर्वदलीय बैठक पश्चिम एशिया की स्थिति पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संसद संबोधन के बाद हुई। संसद में अपने बयान में प्रधानमंत्री मोदी ने कहा था कि सरकार ने ईरान-इजराइल-अमरीका संघर्ष के प्रभाव को कम करने के लिए ईंधन, आपूर्ति श्रृंखला और उर्वरकों सहित अन्य मुद्दों पर कार्यनीतियां विकसित करने के लिए सात सशक्त समूहों का गठन किया है।
भारत ने प्रतिबंधित आतंकी गुट और उसके सदस्यों के समर्थन में पाकिस्तान की ओर से…
आदिवासी कारीगरों को सशक्त बनाने और स्वदेशी उत्पादों को बढ़ावा देने की दिशा में एक…
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय मंत्रिमंडल ने भारत की कार्रवाई को सुदृढ़ करने…
भारतीय पारंपरिक लोक और आदिवासी संगीत को वैश्विक मंच पर बढ़ावा देने और उसे व्यापक…
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने नई दिल्ली में सीमा सड़क संगठन (बीआरओ) से संबंधित विचार-विमर्श…
केंद्रीय उपभोक्ता संरक्षण प्राधिकरण (सीसीपीए) ने उपभोक्ता बिलों में "एलपीजी शुल्क", "गैस सरचार्ज" और "ईंधन…