विदेश सचिव विक्रम मिसरी और भूटान के विदेश सचिव ऑम पेमा चोडेन ने आज थिम्पू में तीसरी भारत-भूटान विकास सहयोग वार्ता की सह-अध्यक्षता की। इस बैठक के दौरान भूटानी पक्ष ने प्रोजेक्ट टायड असिस्टेंस – पीटीए प्रस्ताव पेश किया तथा 13वी पंचवर्षीय योजना के दौरान कार्यान्वित होने वाली पीटीए परियोजनाओं का पहला वित्तीय अंश भी जारी किया।
एक वक्तव्य में विदेश मंत्रालय ने बताया कि दोनो पक्षों ने विभिन्न क्षेत्रो में चार हजार नौ 58 करोड रूपये की लागत की कुल 61 परियोजनाओं की मंजूरी दी। ये परियोजनाएं बुनियादी ढांचा, ऊर्जा, कौशल विकास, शिक्षा, स्वास्थ्य, सांस्कृतिक विरासत, क्षमता वर्धन, खेल, युवा गतिविधियों का आदान प्रदान, डिजिटल अर्थव्यवस्था तथा अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी से संबंधित हैं। इसके अलावा भारत और भूटान ने विकास साझेदारी, ऊर्जा, व्यापार और निवेश सहित द्विपक्षीय सहयोग के सभी पहलुओं पर व्यापक चर्चा भी की।
इस वर्ष मार्च महीने में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की भूटान यात्रा के दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने भूटान की 13वीं पंचवर्षीय योजना अवधि के लिए भारत द्वारा 10 हजार करोड़ रुपये का विकास सहयोग दिए जाने की घोषणा की। विदेश सचिव विक्रम मिसरी भूटान की दो दिवसीय आधिकारिक यात्रा पर थे। यह यात्रा आज समाप्त हो गई। एक विदेश सचिव के रूप में यह उनकी पहली विदेश यात्रा थी।
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