भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) ने तमिलनाडु में एनएच-81 के कल्लागम से मीनसुरूट्टी खंड में गंगईकोंडा चोलापुरम तक 7 किलोमीटर लंबे दो लेन वाले पक्के शोल्डर वाले ग्रीनफील्ड बाईपास के निर्माण के लिए लेटर ऑफ अवार्ड (एलओए) जारी किया है। इस परियोजना की आधारशिला प्रधानमंत्री द्वारा 11 मार्च 2026 को रखी गई थी।
इस ग्रीनफील्ड परियोजना के निर्माण में 3.47 किलोमीटर लंबी सर्विस/स्लिप रोड, 2 छोटे पुल, 2 वीयूपी, 3 एलवीयूपी और 8 बॉक्स कल्वर्ट्स का विकास शामिल है। यह परियोजना यातायात की भीड़ को कम करने में सहायक होगी और गंगईकोंडा चोलापुरम स्थित यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल, 1000 वर्ष पुराने बृहदीश्वर मंदिर के दर्शन करने वाले तीर्थयात्रियों को लाभ पहुंचाएगी।
मौजूदा एनएच-81 राजमार्ग गंगईकोंडा चोलपुरम स्थित मंदिर के बहुत करीब से गुजरता है, जिससे मंदिर आने वाले तीर्थयात्रियों की सुरक्षा को लेकर चिंता बनी रहती है। बाईपास के निर्माण से यातायात की एक बड़ी संख्या, विशेष रूप से भारी वाहनों को बाईपास के माध्यम से मोड़ने में मदद मिलेगी, जिससे मंदिर तक तीर्थयात्रियों की यात्रा अधिक सुरक्षित और सुविधाजनक हो जाएगी। बाईपास से वायु प्रदूषण और मंदिर के पत्थरों पर अंकित शिलालेखों को होने वाली क्षति को कम करने में भी मदद मिलेगी, साथ ही भारी वाहनों के आवागमन से मंदिर को होने वाले संभावित नुकसान से भी बचाया जा सकेगा।
इस परियोजना से श्रीरंगम स्थित प्रसिद्ध अरंगनाथ स्वामी मंदिर और चिदंबरम स्थित नटराज मंदिर तक पहुंचने में लगने वाला समय कम हो जाएगा। बाईपास से स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी और इस क्षेत्र में राष्ट्रीय राजमार्ग का उपयोग करने वालों को सुगम यात्रा का अनुभव प्राप्त होगा।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी 14 मार्च 2026 को पश्चिम बंगाल का दौरा करेंगे। प्रधानमंत्री दोपहर लगभग…
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी 13-14 मार्च 2026 को असम का दौरा करेंगे। इस दौरे के समय,…
खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण-(FSSAI) ने एक परामर्श जारी कर बताया कि दुग्ध उत्पादकों और…
राष्ट्रीय कैडेट कोर (एनसीसी) के अपर महानिदेशकों (एडीजी) और उप महानिदेशकों (डीडीजी) का दो दिवसीय…
लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने आज इस बात पर जोर दिया कि संसद में अभिव्यक्ति…
अमरीका इस्राएल के ईरान के खिलाफ शुरू किए गए एक बड़े संयुक्त सैन्य अभियान ऑपरेशन…