विदेश मंत्रालय ने आज भारत में अमरीकी दूतावास के उप-प्रमुख जेसन मीक्स को तलब किया। मंत्रालय ने ओमान तट के निकट वाणिज्यिक जहाजों पर अमरीकी नौसेना के निरंतर हमलों पर कड़ा विरोध दर्ज कराया। इन जहाजों पर चालक दल के सदस्यों में भारतीय शामिल थे। मंत्रालय ने कहा कि इन हमलों के कारण हुई त्रासदी से तीन भारतीयों की जान बचाई जा सकती थी। अमरीकी राजनयिक को नई दिल्ली में विदेश मंत्रालय के अपर सचिव ने तलब किया। यह अपर सचिव विदेश मंत्रालय में अमरीकी मामले देखते हैं।
विदेश मंत्रालय के बयान में कहा गया है कि असैन्य जहाज पर जानलेवा और खतरनाक साधनों का उपयोग गंभीर चिंता का विषय है और यह बात अमरीका राजनयिक को बताई गई। मंत्रालय ने कहा कि इस तरह की कार्रवाई अस्वीकार्य है और मुश्किल की इस घडी में संवेदनशील क्षेत्र में अंतरराष्ट्रीय समुद्री वाणिज्य की सुरक्षा, संरक्षा और स्थिरता को खतरे में डालती है।
जेसन मीक्स से कहा गया है कि भारत की यह गंभीर चिंता अमरीकी अधिकारियों तक पहुंचा दी जाए और यह सुनिश्चित किया जाए कि क्षेत्र में तैनात अमरीकी सेना सभी आवश्यक उपाए करे ताकि आम नागरिकों की जान न जाए।
मंत्रालय ने दूसरी बार किसी अमरीकी राजनयिक को तलब किया। इसी तरह के एक हमले में जहाज पर तैनात तीन भारतीय मारे गए। पहले इन्हें लापता माना जा रहा था।





