मौसम विभाग ने कहा है कि बंगाल की खाड़ी में बना गहरा दबाव आज चक्रवाती तूफान में बदल जाएगा। विभाग ने मछुआरों को अगले दो दिनों तक बंगाल की खाड़ी के पश्चिम मध्य तथा उससे सटे उत्तर पश्चिम और दक्षिण पश्चिम भाग में न जाने की सलाह दी है।
मौसम विभाग के महानिदेशक डॉ. मृत्युंजय मोहपात्रा ने कहा कि निम्न दबाव के प्रभाव से समुद्र की स्थिति बेहद खराब है और आगे और बिगड़ सकती है।
हैवी रेनफॉल की वजह से जहां लो लाइनिंग एरिया है, वहां फ्लडिंग आ सकती है। और जहां से भी हिली एरिया है, वहां लैंडस्लाइड का पोटेंशियल डेवलप हो सकता है। थर्ड इंपैक्ट है कि कोस्टल इनंडेशन एक मीटर से एक दशमलव पांच मीटर हाइट तक स्टॉर्म सर्ज, वेव आने की संभावना है। जो कोस्टल एरिया है आंध्र प्रदेश का। प्रकाशम डिस्ट्रिक्ट से शुरू करके विशाखापट्टनम तक, वो डिस्ट्रिक्ट का जो कोस्टल एरिया है, लो लाइनिंग एरिया है, वहां सेलाइन वाटर इनंडेशन हो सकता है।
ओडिशा सरकार ने चक्रवात से निपटने की तैयारियां तेज कर दी हैं। मौसम विभाग ने अनुमान जताया है कि चक्रवात अर्नब कल सुबह तक एक तीव्र चक्रवाती तूफान में बदल जाएगा। और बुधवार को आंध्र प्रदेश के तट के करीब पहुंचते-पहुंचते, यह अत्यंत गंभीर चक्रवाती तूफान का रूप ले लेगा। इसके बापटला और विशाखापट्टनम के बीच तट को पार करने की संभावना है। कल से गुरुवार तक इन सभी दक्षिणी जिलों में बहुत भारी बारिश के लिए रेड वार्निंग जारी की गई है।





