देश में कृषि क्षेत्र की तीव्र प्रगति के उद्देश्य से केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने राज्यवार चर्चाओं की शुरुआत की है, जिसके तहत केंद्रीय मंत्री ने आज नई दिल्ली स्थित कृषि भवन में उत्तर प्रदेश (यूपी) और मध्य प्रदेश (एमपी) राज्य के कृषि मंत्रियों के साथ बैठक की। यूपी के कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही और एमपी के कृषि मंत्री अदल सिंह कंसाना के नेतृत्व में उच्च स्तरीय प्रतिनिधिमंडल ने अपने-अपने राज्यों में कृषि क्षेत्र के मुद्दों पर चर्चा की।
केन्द्रीय कृषि मंत्री चौहान ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में किसानों और कृषि क्षेत्र का हित सर्वोपरि है तथा केन्द्र सरकार राज्यों को हरसंभव सहायता प्रदान करती रहेगी। बैठक में फसलों के विविधीकरण को बढ़ावा देने, सूचना प्रौद्योगिकी के उपयोग, डिजिटल फसल सर्वेक्षण, किसान रजिस्ट्री, ई-नाम, किसान उत्पादक संगठनों को मजबूत बनाने, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना और कृषि यंत्रीकरण आदि सहित कई मुद्दों पर चर्चा हुई। कृषि मंत्री चौहान ने कहा कि उत्तर प्रदेश में फसल विविधीकरण और प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने की भरपूर संभावनाएं हैं। उन्होंने यह भी दोहराया कि केन्द्र मध्य प्रदेश सहित सभी राज्यों में उड़द, अरहर और मसूर की शत-प्रतिशत खरीद के लिए प्रतिबद्ध है। बैठक में कृषि एवं किसान कल्याण विभाग के सचिव संजीव चोपड़ा सहित मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद थे।
पिछले महीने केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण तथा ग्रामीण विकास मंत्री का कार्यभार संभालने के बाद से कृषि मंत्री चौहान ने अपने मंत्रालयों से संबंधित मुद्दों पर विस्तार से चर्चा करने तथा उन्हें शीघ्रता से हल करने के लिए राज्य मंत्रियों के साथ बैठकों की एक श्रृंखला शुरू की है। केंद्रीय मंत्री ने पिछले महीने असम और छत्तीसगढ़ के राज्य कृषि मंत्रियों से मुलाकात की थी।
पेरिस में वित्तीय कार्रवाई कार्य बल (एफएटीएफ) की पूर्ण बैठक और कार्य समूहों की बैठकें…
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुजरात के केवडिया में ‘राष्ट्रीय एकता दिवस’ समारोह से पहले ‘भारत…
संयुक्त अरब अमीरात और सिंगापुर जाने वाले भारतीय यात्री अब अपने पसंदीदा यूपीआई ऐप के…
भारत सरकार ने भारत के बैंकिंग क्षेत्र की समीक्षा करने और इसे वैश्विक स्तर पर…
तमिलनाडु के ग्रामीण इलाकों में डिजिटल अवसंरचना को मजबूती प्रदान करने और ब्रॉडबैंड कनेक्टिविटी को…
उपराष्ट्रपति सी. पी. राधाकृष्णन आज तमिलनाडु के डिंडीगुल स्थित गांधीग्राम ग्रामीण संस्थान (मानद विश्वविद्यालय) के…