ऑस्ट्रेलिया के प्रधानमंत्री एंथनी अल्बनीज ने घोषणा की है कि ऑस्ट्रेलिया सितम्बर में संयुक्त राष्ट्र महासभा के 80वें सत्र में फलीस्तीन को देश के रूप में औपचारिक मान्यता देगा। यह ऑस्ट्रेलिया की विदेश नीति में महत्वपूर्ण बदलाव को दर्शाता है। ऑस्ट्रेलिया का यह निर्णय फ्रांस, ब्रिटेन और कनाड़ा जैसे देशों के विचार के अनुरूप है। इन देशों ने भी फलीस्तीनी को मान्यता देने का संकेत दिया है। इसका उद्देश्य पश्चिम एशिया में दो देशों के समाधान की दिशा में अंतर्राष्ट्रीय गति को बढ़ावा देना है।
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