सीबीआई ने दिल्ली उच्च न्यायालय में याचिका दायर कर आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल, पार्टी नेता मनीष सिसोदिया और अन्य को कथित दिल्ली आबकारी नीति से जुड़े भ्रष्टाचार के मामले में बरी किए जाने को चुनौती दी है।
इससे पहले दिल्ली की एक अदालत ने इस मामले में अरविंद केजरीवाल, मनीष सिसोदिया और के कविता सहित सभी 23 आरोपियों को बरी कर दिया। सीबीआई का कहना है कि निचली अदालत ने जांच के कई महत्वपूर्ण पहलुओं को नजरअंदाज किया और साक्ष्यों पर पर्याप्त विचार नहीं किया। आबकारी नीति दिल्ली सरकार द्वारा 2021 में तैयार की गई थी, जिसे बाद में कार्यान्वयन में अनियमितताओं के आरोपों के बाद वापस ले लिया गया था। उपराज्यपाल विनय कुमार सक्सेना ने सीबीआई को नीति की जांच का आदेश दिया था।
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