नई दिल्ली स्थित केंद्रीय होम्योपैथी अनुसंधान परिषद (सीसीआरएच) और कोलकाता स्थित एडमास विश्वविद्यालय ने होम्योपैथी के क्षेत्र में अकादमिक और अनुसंधान सहयोग को बढ़ावा देने के लिए एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए हैं। इस समझौते पर औपचारिक रूप से 1 मार्च 2025 को डॉ. सुभाष कौशिक, महानिदेशक, सीसीआरएच और प्रो. सुरंजन दास, कुलपति, एडमास विश्वविद्यालय द्वारा नोबेल पुरस्कार विजेता सर ग्रेगरी पॉल विंटर और डॉ. समित रे, चांसलर, एडमास विश्वविद्यालय कोलकाता की गरिमामयी उपस्थिति में हस्ताक्षर किए गए।
यह समझौता ज्ञापन अंतर्विषयक अनुसंधान में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि को दर्शाता है, जो ज्ञान के आदान-प्रदान और सहयोगात्मक पहलों के माध्यम से होम्योपैथी में वैज्ञानिक प्रगति का मार्ग प्रशस्त करेगा। यह वैकल्पिक चिकित्सा में नवाचार और साक्ष्य-आधारित अनुसंधान को आगे बढ़ाने के लिए दोनों संस्थानों की साझा प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
इस भागीदारी से अकादमिक संबंधों को मजबूती मिलने, संयुक्त अनुसंधान परियोजनाओं को सुगम बनाने तथा मुख्यधारा संबंधी स्वास्थ्य देखभाल में होम्योपैथी की व्यापक स्वीकृति और एकीकरण में योगदान मिलने की उम्मीद है।
केंद्रीय होम्योपैथी अनुसंधान परिषद (सीसीआरएच) केंद्र सरकार के आयुष मंत्रालय के तत्वावधान में एक शीर्ष अनुसंधान संगठन है, जो होम्योपैथी के क्षेत्र में मूल अनुसंधान करता है। ये परिषद विभिन्न अनुसंधान गतिविधियों के संचालन के लिए राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय उत्कृष्टता संस्थानों के साथ सहयोग करती है।
भारत ने होर्मुज़ जलडमरूमध्य में हाल में हुए कई समुद्री जहाजों पर हमलों की कड़ी…
लोकसभा ने आज लोक परीक्षा-अनुचित साधन रोकथाम संशोधन विधेयक, 2026 पारित कर दिया। इस विधेयक…
राज्यसभा ने राष्ट्रीय सम्मान की रक्षा के लिए राष्ट्रीय गौरव अपमान निवारण (संशोधन) विधेयक, 2026…
राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (एनएचआरसी) ने उत्तर प्रदेश के वाराणसी जिले में एक निजी स्कूल में…
असम के डेयरी सेक्टर और पूर्वोत्तर क्षेत्र के प्रसंस्कृत खाद्य के निर्यात के लिए एक…
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने उत्तर प्रदेश के लखनऊ स्थित कमांड अस्पताल (केंद्रीय कमान) में…