विदेश मंत्री डॉ एस जयशंकर ने आज कहा है कि भारत और ईरान के बीच चाबहार बंदरगाह समझौता बड़े निवेश का मार्ग प्रशस्त करेगा और भारत को मध्य एशिया से जोड़ेगा। भारत और ईरान ने आज चाबहार में शाहिद बेहेश्ती बंदरगाह के संचालन के लिए दीर्घावधि समझौते पर हस्ताक्षर किये। डॉ जयशंकर ने मुंबई में एक संवाददाता सम्मेलन में कहा कि यह समझौता एक रणनीतिक कदम है और यह कराची के साथ-साथ पाकिस्तान में ग्वादर बंदरगाहों को दरकिनार करते हुए ईरान के माध्यम से दक्षिण एशिया और मध्य एशिया के बीच एक नया व्यापार मार्ग खोलेगा।
इंडिया पोर्ट्स ग्लोबल लिमिटेड और ईरान के पोर्ट्स एंड मेरीटाइम आर्गेनाइजेशन के बीच हुए समझौते के अवसर पर केन्द्रीय पत्तन, पोत परिवहन और जलमार्ग मंत्री सर्बानंद सोनोवाल उपस्थित थे। इस अवसर पर सर्बानंद सोनोवाल ने कहा कि इस समझौते के साथ ही चाबहार में भारत की दीर्घकालिक भागीदारी की नींव रखी गई है। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने सोशल मीडिया पोस्ट में कहा है कि यह समझौता अनुबंध क्षेत्रीय सम्पर्क और अफगानिस्तान, मध्य एशिया और यूरेशिया के साथ भारत के संबंधों को बढ़ावा देगा।
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