दिल्ली उच्च न्यायालय ने कथित शराब घोटाले के सिलसिले में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) और केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) द्वारा दर्ज किए गए धनशोधन और भ्रष्टाचार के मामलों में पूर्व उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया की जमानत याचिका मंगलवार को खारिज कर दी। न्यायमूर्ति स्वर्णकांता शर्मा ने शाम 6:28 बजे आदेश सुनाना शुरू किया जिसमें 22 मिनट लगे। उन्होंने कहा कि सिसोदिया कथित तौर पर इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य सहित महत्वपूर्ण सबूतों को नष्ट करने में शामिल थे। उच्च न्यायालय ने कहा कि सिसोदिया दिल्ली सरकार के सत्ता गलियारे में एक बहुत शक्तिशाली और प्रभावशाली व्यक्ति हैं।
वही, दिल्ली की एक अदालत ने कथित आबकारी घोटाले से संबंधित धन शोधन मामले में आम आदमी पार्टी (आप) के नेता मनीष सिसोदिया की न्यायिक हिरासत मंगलवार को 31 मई तक बढ़ा दी।
सीएक्यूएम (एनसीआर और आसपास के क्षेत्रों में वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग) द्वारा जमीनी निगरानी को…
उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन ने आज हरियाणा के कुरुक्षेत्र में अंतर्राष्ट्रीय गीता महोत्सव 2025 से इतर…
उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन ने आज राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (एनआईटी), कुरुक्षेत्र, हरियाणा के 20वें दीक्षांत समारोह…
दिल्ली MCD उपचुनाव 2025 के तहत मतदान की प्रक्रिया जारी है। दिल्ली राज्य चुनाव आयोग…
राष्ट्रीय रक्षा अकादमी के 149वें कोर्स की पासिंग आउट परेड आज पुणे के खडकवासला के…
संसद के आगामी शीतकालीन सत्र, 2025 से संबंधित मुद्दों पर चर्चा के लिए आज (30…