सरकार के हस्तक्षेप के बाद प्रमुख डिलीवरी कम्पनियों ने 10 मिनट की डिलीवरी सेवा की समय सीमा हटाने पर सहमति जताई है। सरकारी सूत्रों ने बताया कि डिलीवरी के समय को लेकर चिंताओं को दूर करने के लिए ब्लिंकिट, ज़ेप्टो, ज़ोमैटो और स्विगी सहित प्रमुख कंपनियों के साथ बैठक आयोजित की गई। इसका उद्देश्य गिग वर्कर्स के लिए अधिक सुरक्षा, संरक्षा और बेहतर कामकाजी परिस्थितियों को सुनिश्चित करना है। सूत्रों ने बताया कि बैठक के बाद ई-कॉमर्स कंपनी ब्लिंकिट ने निर्देश पर अमल करते हुए अपने ब्रांडिंग से 10 मिनट की डिलीवरी का वादा हटा दिया है। आने वाले दिनों में अन्य एग्रीगेटरों द्वारा भी इस निर्देश का पालन किए जाने की उम्मीद है।
अखिल भारतीय व्यापारी संघ-कैट के राष्ट्रीय महासचिव प्रवीण खंडेलवाल ने इस निर्णय को मानवीय और दूरदर्शी बताया। उन्होंने कहा कि इसमें डिलीवरी कर्मियों के जीवन और सुरक्षा को प्राथमिकता दी गई है। प्रवीण खंडेलवाल ने कहा कि यह कदम गिग वर्कर्स की सुरक्षा और गरिमा के प्रति सरकार की संवेदनशीलता और प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
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