नई दिल्ली: विदेश मंत्रालय ने शुक्रवार को कहा कि राज्य सरकारों को अपने संवैधानिक अधिकार क्षेत्र से बाहर के मामलों में हस्तक्षेप नहीं करना चाहिए। यह टिप्पणी केरल सरकार द्वारा एक वरिष्ठ अधिकारी को ‘‘विदेश मामलों में सहयोग’’ का जिम्मा सौंपे जाने के कुछ दिन बाद आई है।
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा, ‘‘भारतीय संविधान की सातवीं अनुसूची सूची 1-संघ सूची, विषय 10 में स्पष्ट रूप से उल्लेख है कि विदेशी मामले और वे सभी मामले जो संघ को किसी अन्य देश के साथ संबंध में लाते हैं, संघ सरकार का एकमात्र विशेषाधिकार हैं।”
उन्होंने कहा, ‘‘यह समवर्ती विषय नहीं है और निश्चित रूप से राज्य का विषय भी नहीं है। हमारा रुख यह है कि राज्य सरकारों को ऐसे मामलों में हस्तक्षेप नहीं करना चाहिए जो उनके संवैधानिक अधिकार क्षेत्र से बाहर हों।’’
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और ऑस्ट्रिया के फेडरल चांसलर डॉ. क्रिश्चियन स्टॉकर ने डेलीगेशन लेवल की…
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने आंध्र प्रदेश के कुरनूल जिले में हुई दुर्घटना पर गहरा दुख…
भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) ने इलेक्ट्रॉनिक टोल कलेक्शन (ETC) प्रणाली में डेटा की सटीकता…
केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय भारत सरकार ने नई दिल्ली में ब्रिक्स स्वास्थ्य कार्य…
एम. नागराजू, आईएएस, सचिव, वित्तीय सेवा विभाग, वित्त मंत्रालय, ने मुंबई में आज एलआईसी के…
आईपीएल क्रिकेट में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु ने लखनऊ सुपर जायंट्स को पांच विकेट से हरा…