फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रॉ ने यूरोपीय संसद के मतदान पूर्व सर्वेक्षण में प्रतिद्वंद्वी नेता मरीन ले पेन की नेशनल पार्टी की बड़ी जीत को देखते हुए फ्रांस की संसद को भंग करने की घोषणा की है। इसके साथ ही राष्ट्रपति मैक्रॉ ने देश में समय से पहले संसदीय चुनाव कराने का निर्णय लिया है। यह चुनाव इस महीने के अंत में होंगे। यूरोपीय संसद के लिए हुए मतदान से जुडे पूर्व सर्वेक्षण के अनुसार विपक्षी दल को 32 प्रतिशत मत मिलने की सम्भावना है जो राष्ट्रपति मैक्रॉ की रीनासा पार्टी को मिलने वाले मतों से दोगुने से भी अधिक है। राष्ट्रपति मैक्रॉ ने कहा कि 30 जून और 7 जुलाई को दो दौर का मतदान होगा। राष्ट्रपति मैक्रॉ ने टेलीविज़न संबोधन में इस अप्रत्याशित निर्णय की घोषणा की।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने आज फ्रांस राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों के साथ चर्चा की। बातचीत के…
राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (एनएचआरसी) ने मध्य प्रदेश के इंदौर में 2 मार्च 2026 को सीवर…
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज नई दिल्ली में रायसीना संवाद के 11वें संस्करण का शुभारंभ…
पोषण और स्वास्थ्य परिणामों में सुधार के लिए सहयोगात्मक प्रयासों को मजबूत करने की दिशा…
फिनलैंड के राष्ट्रपति डॉ. अलेक्जेंडर स्टब ने आज राष्ट्रपति भवन में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु से…
केंद्रीय खेल मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया ने आज भारत की अग्रणी खेल पहल, विश्व की…