सरकार ने 21 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में सार्वजनिक वितरण के माध्यम से उच्च गुणवत्ता वाले केरोसिन तेल के वितरण की अनुमति दे दी है। विश्वभर में ऊर्जा आपूर्ति प्रभावित होने के कारण यह निर्णय लिया गया है। इसका उद्देश्य सामान्य स्थिति में केरोसीन का उपयोग बंद होने वाले क्षेत्रों में खाना पकाने और प्रकाश व्यवस्था की जरूरतों को पूरा करना है।
पट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने बताया कि इस अधिसूचना के अनुसार उन राज्यों और केन्द्रशासित प्रदेशों में निर्धारित ईंधन स्टेशनों को घरेलू उपयोग के लिए उच्च गुणवत्ता वाले कैरोसिन तेल का भंडारण और वितरण करने की अनुमति दी गई है, जहां सामान्य परिस्थितियों में केरोसिन का उपयोग बंद कर दिया गया था। इससे उन क्षेत्रों में खाना पकाने और प्रकाश व्यवस्था की जरूरतों को पूरा किया जा सकेगा। मंत्रालय ने बताया कि प्रति जिले में सार्वजनिक क्षेत्र के तेल कंपनियों के स्वामित्व वाले अधिकतम दो ईंधन स्टेशन पांच हजार लीटर तक केरोसिन का भंडारण कर सकते हैं। यह अधिसूचना तत्काल प्रभाव से लागू हो गई है।
संयुक्त राष्ट्र ने भारत में ग्रीन एनर्जी कॉरिडोर के तीसरे चरण-जीईसी-3 को मंजूरी मिलने का…
अमरीका के मिलवॉकी में जी-20 व्यापार मंत्रियों की बैठक के समापन पर भारत ने वैश्विक…
जी-7 देशों ने बढ़ती तेल और डीजल की कीमतों को कम करने के लिए बड़ा…
भारतीय नौसेना का अग्रिम पंक्ति का निर्देशित प्रक्षेपास्त्र स्टील्थ युद्धपोत 'त्रिशूल' भूमध्य सागर, अटलांटिक और…
भारत में बाघ संरक्षण की दिशा में एक अहम कदम उठाते हुए, आज केंद्रीय पर्यावरण,…
मादक पदार्थों और मनोसक्रियक पदार्थों की अवैध तस्करी और तस्करों पर रोक लगाने के अपने…