भारत और टोगो ने अपने द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करने के तरीकों पर चर्चा की। दोनों देशों के बीच विदेश कार्यालय परामर्श का पहला दौर कल और आज टोगो के लोम में आयोजित हुआ। दोनों पक्षों ने आपसी हित के क्षेत्रीय और वैश्विक मुद्दों पर भी बातचीत की और बहुपक्षीय मंचों पर अपना सहयोग बढ़ाने पर सहमति प्रकट की।
भारत ने टोगोलेस गणराज्य को 1960 में स्वतंत्रता प्राप्त करने के बाद मान्यता दी थी। यह चर्चा दक्षिण-दक्षिण सहयोग की भावना में विकास सहयोग और क्षमता निर्माण को बढ़ावा देने पर केंद्रित थी। टोगो में द्विपक्षीय व्यापार और भारतीय निवेश लगातार बढ़ रहा है। वर्ष 2022-23 के दौरान द्विपक्षीय व्यापार 6 दशमलव 58 बिलियन डॉलर दर्ज किया गया। शीर्ष 10 प्रमुख भारतीय व्यावसायिक कंपनियां टोगो में कुल चार हजार से अधिक स्थानीय लोगों को रोजगार देती हैं।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने आज फ्रांस राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों के साथ चर्चा की। बातचीत के…
राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (एनएचआरसी) ने मध्य प्रदेश के इंदौर में 2 मार्च 2026 को सीवर…
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज नई दिल्ली में रायसीना संवाद के 11वें संस्करण का शुभारंभ…
पोषण और स्वास्थ्य परिणामों में सुधार के लिए सहयोगात्मक प्रयासों को मजबूत करने की दिशा…
फिनलैंड के राष्ट्रपति डॉ. अलेक्जेंडर स्टब ने आज राष्ट्रपति भवन में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु से…
केंद्रीय खेल मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया ने आज भारत की अग्रणी खेल पहल, विश्व की…