भारत और चीन के सैनिकों ने दिवाली के अवसर पर बृहस्पतिवार को वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) समेत कई सीमाओं पर मिठाइयों का आदान-प्रदान किया। सेना के सूत्रों ने यह जानकारी दी। पूर्वी लद्दाख में डेमचोक एवं देपसांग में दो टकराव वाले बिंदुओं पर दोनों देशों की सेनाओं की वापसी के एक दिन बाद यह पारंपरिक प्रथा देखी गयी। इस सहमति से चीन और भारत के संबंधों में मधुरता आई है।
सेना के एक सूत्र ने ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया, ‘‘दिवाली के अवसर पर एलएसी के साथ कई सीमाओं पर भारत और चीन के सैनिकों के बीच मिठाइयों का आदान-प्रदान हुआ।’’ सूत्रों ने बताया कि यह आदान-प्रदान एलएसी सहित पांच बॉर्डर पर्सनल मीटिंग (बीपीएम) बिंदुओं पर हुआ। बुधवार को सेना के एक सूत्र ने बताया कि दोनों पक्षों के सैनिकों ने दो टकराव वाले बिंदुओं पर पीछे हटने की प्रक्रिया पूरी कर ली है और जल्द ही इन बिंदुओं पर गश्त शुरू हो जाएगी।
सूत्र ने तब कहा था कि पीछे हटने के बाद सत्यापन प्रक्रिया जारी है और कमांडरों के बीच गश्त के तौर-तरीकों पर फैसला किया जाना है। सेना के सूत्र ने कहा, ‘‘स्थानीय कमांडर स्तर पर बातचीत जारी रहेगी।’’ विदेश सचिव विक्रम मिस्री ने 21 अक्टूबर को दिल्ली में कहा कि पिछले कई हफ्तों की बातचीत के बाद भारत और चीन के बीच एक समझौते को अंतिम रूप दिया गया है और इससे 2020 के मुद्दों का समाधान निकलेगा।
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