प्रयागराज में कल पौष पूर्णिमा पर पहले अमृत स्नान के साथ महाकुंभ आरंभ होगा। इस भव्य आयोजन के लिए सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। प्रयागराज में विभिन्न स्थानों पर घने जंगल विकसित किए गए हैं ताकि महाकुंभ में आने वाले श्रद्धालुओं के लिए शुद्ध हवा और स्वस्थ वातावरण सुनिश्चित किया जा सके।
सरकार द्वारा पिछले दो वर्षों में जापानी मियां बाकी तकनीक का उपयोग करके कोई ऑक्सीजन बैंक स्थापित किए गए थे जो हरे-भरे वन में बदल गए हैं। इन प्रयासों में प्रयागराज में ने केवल हरियाली बढ़ी है बल्कि वायु गुणवत्ता में भी सुधार हुआ है। पिछले दो वर्षों में शहर में दस से अधिक स्थानों पर हजार 55 हजार वर्ग मीटर से अधिक क्षेत्र में पेड़ लगाए गए हैं। सबसे बड़ा वृक्षारोपण नैनी औद्योगिक क्षेत्र में किया गया है, जिसमें 63 प्रजातियों के लगभग एक लाख बीस हजार पेड़ हैं। जबकि शहर के सबसे बडे कूडा डंपिंग यार्ड की सफाई के बाद बसयार्ड में 27000 पेड़ लगाए गए हैं। यह परियोजना न केवल औद्योगिक कचरे से छुटकारा पाने में मदद कर रही है, बल्कि धूल गंदगी और दुर्गंध को भी काम कर रही है। यह जंगल जैव विविधता को भी बढ़ावा दे रहे हैं।
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