नेपाल की प्रतिनिधि सभा ने अंतरराष्ट्रीय सौर गठबंधन की सदस्यता से संबंधित रूपरेखा समझौते को स्वीकृति देने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। इस कदम से नेपाल को जलवायु परिवर्तन से निपटने के लिए सौर ऊर्जा का इस्तेमाल बढ़ाने में मदद मिलेगी।
प्रतिनिधि सभा (एचओआर) या निचले सदन ने बृहस्पतिवार को ऊर्जा, जल संसाधन और सिंचाई मंत्री शक्ति बहादुर बसनेत द्वारा पेश किए गए प्रस्ताव को बहुमत के वोट के आधार पर पारित किया। अंतरराष्ट्रीय सौर गठबंधन (आईएसए) की परिकल्पना भारत और फ्रांस ने की थी। इसका मकसद सौर ऊर्जा समाधानों की तैनाती के जरिए जलवायु परिवर्तन के खिलाफ प्रयासों को संगठित करना है। इसकी घोषणा 2015 में पेरिस में जलवायु परिवर्तन पर संयुक्त राष्ट्र मसौदा प्रस्ताव (यूएनएफसीसीसी) के 21वें सम्मेलन (सीओपी21) के मौके पर की गई थी।
इस समय नेपाल सहित 119 देश आईएसए मसौदा समझौते पर हस्ताक्षर कर चुके हैं, जिनमें से 98 देशों ने आईएसए का पूर्ण सदस्य बनने के लिए जरूरी साधन प्रस्तुत किए हैं। विभिन्न राजनीतिक दलों के सांसदों के सवालों का जवाब देते हुए बसनेत ने कहा कि देश के राष्ट्रीय हित को ध्यान में रखते हुए समझौते का प्रस्ताव लाया गया है। उन्होंने कहा कि जलवायु परिवर्तन के प्रभावों को कम करने के लिए स्वच्छ ऊर्जा जरूरी है।
भारत सरकार के कौशल विकास और उद्यमशीलता मंत्रालय (एमएसडीई) ने आज नई दिल्ली के कौशल…
सेना प्रमुख जनरल धीरज सेठ 16 से 18 सितंबर 2026 तक रूस की तीन दिन…
नए यूपीआई फ्रेमवर्क का पर्सन-टू-पर्सन लेन-देन पर कोई असर नहीं पड़ेगा। यूपीआई सभी पर्सन-टू-पर्सन लेन-देन…
राष्ट्रीय बांध सुरक्षा प्राधिकरण (एनडीएसए) की एक टीम ने 8 सितंबर 2026 को झारखंड सरकार…
अमरीकी सरकार यूरोप और मध्य पूर्व देशों को दी जाने वाली करोड़ों डॉलर की सैन्य…
भारत ने दूसरे टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैच में अफगानिस्तान को सात विकेट से हराकर तीन…