प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने आज दिल्ली के रोहिणी में लगभग 11,000 करोड़ रुपये की लागत वाली दो प्रमुख राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं का उद्घाटन किया। परियोजनाएं – द्वारका एक्सप्रेसवे का दिल्ली खंड और शहरी विस्तार मार्ग- II (यूईआर -2) – राजधानी की भीड़-भाड़ को कम करने के लिए सरकार की व्यापक योजना के अंतर्गत विकसित किया गया है। इसका उद्देश्य कनेक्टिविटी में सुधार, यात्रा के समय में कमी और दिल्ली और उसके आसपास के क्षेत्रों में यातायात की भीड़-भाड़ को कम करना है। ये पहल विश्व स्तरीय बुनियादी ढांचा बनाने के प्रधानमंत्री मोदी के दृष्टिकोण को दर्शाती हैं जो जीवन की आसानी को बढ़ाती है और निर्बाध गतिशीलता सुनिश्चित करती है।
द्वारका एक्सप्रेसवे के 10.1 किलोमीटर लंबे दिल्ली खंड को लगभग 5,360 करोड़ रुपये की लागत से विकसित किया गया है। यह खंड यशोभूमि, दिल्ली मेट्रो की ब्लू लाइन और ऑरेंज लाइन, आगामी बिजवासन रेलवे स्टेशन और द्वारका क्लस्टर बस डिपो को मल्टी-मोडल कनेक्टिविटी भी प्रदान करेगा। इस खंड में शामिल हैं:
द्वारका एक्सप्रेसवे के 19 किलोमीटर लंबे हरियाणा खंड का उद्घाटन इससे पहले मार्च 2024 में प्रधानमंत्री द्वारा किया गया था।
प्रधानमंत्री ने लगभग 5,580 करोड़ रुपये की लागत से बने बहादुरगढ़ और सोनीपत के नए लिंक के साथ शहरी विस्तार मार्ग-II (यूईआर-2) के अलीपुर से ढिचाऊं कलां खंड का भी उद्घाटन किया। यह दिल्ली के इनर और आउटर रिंग रोड और मुकरबा चौक, धौला कुआं और एनएच-09 जैसे व्यस्त स्थानों पर यातायात को आसान बनाएगा। नए मार्ग बहादुरगढ़ और सोनीपत तक सीधी पहुंच प्रदान करेंगे, औद्योगिक कनेक्टिविटी में सुधार करेंगे, शहर के यातायात की भीड़-भाड़ में कटौती करेंगे और एनसीआर में माल की आवाजाही को गति प्रदान करेंगे।
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