भारत

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू आज तेलंगाना के हैदराबाद में नालसर विधि विश्वविद्यालय के 21वें दीक्षांत समारोह में शामिल हुई

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू आज तेलंगाना के हैदराबाद में नालसर विधि विश्वविद्यालय के 21वें दीक्षांत समारोह में शामिल हुई। राष्ट्रपति ने छात्रों को संबोधित करते हुए कहा कि देश के संविधान में स्वतंत्रता संग्राम के आदर्श न्याय, स्वतंत्रता, समानता और बंधुत्व समाहित हैं। प्रस्तावना और मौलिक अधिकारों में निहित समानता का आदर्श न्याय प्रदान करने से संबंधित राज्य नीति के निर्देशक सिद्धांतों में से एक में भी अभिव्यक्त होता है। निर्देशक सिद्धांतों में समान न्याय और निःशुल्क कानूनी सहायता प्रदान करने का प्रयास किया गया है। यह राज्य को यह सुनिश्चित करने के लिए जिम्मेदार बनाता है कि आर्थिक या अन्य कमियों के कारण किसी भी नागरिक को न्याय प्राप्त करने से वंचित न किया जाए। दुर्भाग्य से एक गरीब व्यक्ति को अमीर व्यक्ति के समान न्याय नहीं मिल पाता है। इस अनुचित स्थिति को बदलना होगा। उन्होंने युवा कानूनी पेशेवरों से बदलाव के वाहक बनने का आग्रह किया।

राष्ट्रपति ने छात्रों से कहा कि अधिवक्ताओं के रूप में उनका कर्तव्य होगा कि वे अपने मुवक्किलों के हितों का ख्याल रखने के अलावा न्याय देने में न्यायालय की सहायता करें। उन्होंने कहा कि एक कानूनी पेशेवर के रूप में वे जो भी भूमिका चुनें, उन्हें हमेशा ईमानदारी और साहस के मूल्यों पर टिके रहना चाहिए। उन्होंने कहा कि सत्ता के सामने सत्य बोलना उन्हें और अधिक मजबूत बनाता है।

राष्ट्रपति को यह जानकर खुशी हुई कि नालसर ने कई क्षेत्रों में नेतृत्व किया है। उन्होंने दिव्यांगता, न्याय तक पहुंच, जेल और किशोर न्याय और कानूनी सहायता से संबंधित मुद्दों को सुलझाने में नालसर के प्रयासों की सराहना की। उन्हें यह जानकर भी खुशी हुई कि नालसर ने एक पशु कानून केंद्र स्थापित किया है। उन्होंने कहा कि युवा पीढ़ी से मानवता की भलाई के लिए जानवरों और पक्षियों, पेड़ों और जल-निकायों की रक्षा करने की उम्मीद है और नालसर का पशु कानून केंद्र उस दिशा में एक अच्छा कदम है।

राष्ट्रपति ने कहा कि महिलाओं की सुरक्षा को बढ़ावा देने में समाज का हर वर्ग हितधारक है। उन्होंने नालसर से इसके पूर्व छात्रों सहित, सभी हितधारकों का समर्थन प्राप्त करने और महिला अधिवक्ताओं और कानून के छात्रों का एक राष्ट्रव्यापी नेटवर्क स्थापित करने में मदद करने का आग्रह किया। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि यह नेटवर्क महिलाओं के खिलाफ अत्याचारों को रोकने और ऐसे अत्याचारों के मामलों से निपटने के लिए ठोस प्रयास करने के लिए जनादेश के साथ काम करेगा।

Editor

Recent Posts

भारतीय नौसेना ने कोच्चि के पास एक मर्चेंट टैंकर से बिना फटे मिसाइल वॉरहेड को सुरक्षित ढंग से बरामद किया

भारतीय नौसेना ने कच्चे तेल के टैंकर 'एमटी ओलंपिक लाइफ' से बिना फटे मिसाइल वॉरहेड…

44 मिनट ago

प्रधानमंत्री मोदी आगामी जी7 शिखर सम्मेलन में भाग लेने के लिए 14 से 18 जून तक फ्रांस और स्लोवाकिया के दौरे पर जाएंगे

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आगामी जी7 शिखर सम्मेलन में भाग लेने के लिए इस महीने की…

2 घंटे ago

अश्विनी वैष्णव ने MNIT जयपुर में एडवांस क्वांटम और आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस प्रयोगशालाएं स्थापित किए जाने की घोषणा की

केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिकी और सूचना प्रौद्योगिकी, रेल एवं सूचना प्रसारण मंत्री अश्विनी वैष्णव ने आज मालवीय…

2 घंटे ago

आईपीसी ने फार्मास्युटिकल गुणवत्ता और गुणवत्ता-सुनिश्चित दवाओं के विनिर्माण को बढ़ावा देने के लिए हितधारकों की सहभागिता को आगे बढ़ाया

भारत सरकार के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के अधीन एक स्वायत्त संस्था, भारतीय भेषज…

5 घंटे ago