राज्यसभा के सभापति जगदीप धनखड़ ने कांग्रेस की वरिष्ठ नेता सोनिया गांधी पर कथित रूप से आक्षेप लगाने के लिए केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के विरूद्ध कांग्रेस द्वारा लाए गए विशेषाधिकार हनन प्रस्ताव को खारिज कर दिया है। इस प्रस्ताव को सदन में कांग्रेस के सांसद जयराम रमेश अमित शाह की टिप्पणी पर लाये थे। अमित शाह ने अपनी टिप्पणी में कहा कि कांग्रेस जब सत्ता में थी तब प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष का नियंत्रण एक परिवार ने किया।
इस प्रस्ताव का खंडन करते हुए सभापति ने कहा कि उन्होंने इसे ध्यानपूर्वक पढ़ा है और इसमें किसी तरह का विशेषाधिकार हनन नहीं है। उन्होंने कहा कि इसमें सत्य का पूर्णतः पालन किया गया है, जैसा कि अमित शाह की टिप्पणियों पर प्रस्तुत दस्तावेज से प्रमाणित होता है। जगदीप धनखड़ ने जल्दबाजी में लाये गये विशेषाधिकार हनन प्रस्ताव पर दु:ख व्यक्त करते हुए कहा कि विशेषाधिकार हनन एक गंभीर मामला है। उन्होंने कहा कि सदन लोगों की प्रतिष्ठा नष्ट करने का मंच नहीं बनेगा।
सभापति ने आचार समिति से सदस्यों के आचरण के लिए नए दिशानिर्देश बनाने को कहा।
झारखंड सरकार की ‘नई दिशा-नई पहल’ नक्सल विरोधी अभियान के तहत आज बड़ी सफलता मिली।…
दक्षिणी जापान में आज एक शक्तिशाली भूकंप आया है। जापान की मौसम एजेंसी ने बताया…
सरकार ने अठारह राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में साइबर अपराध के मामलों में ई-ज़ीरो…
सर्वोच्च न्यायालय ने आज गैर आपराधिक रिकॉर्ड वाले 18 वर्ष से कम आयु के छात्र…
भारतीय रेल ने रेल अवसंरचना को मजबूत बनाने और नेटवर्क क्षमता बढ़ाने की दिशा में…
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने भारतीय तटरक्षक बल (आईसीजी) के लिए दो महत्वपूर्ण नीतिगत सुधारों…