केंद्र सरकार के आयुष मंत्रालय के केंद्रीय योग और प्राकृतिक चिकित्सा अनुसंधान परिषद (सीसीआरवाईएन) के तहत सफदरजंग अस्पताल में योग और नेचुरोपैथी ओपीडी व लाइफस्टाइल इंटरवेंशन सेंटर ने “रोगियों और स्वास्थ्य सेवा प्रदाताओं के स्वास्थ्य को बढ़ाने के लिए चिकित्सा पद्धति में योग को शामिल करना” शीर्षक से एक संगोष्ठी का सफलतापूर्वक आयोजन किया।
इस संगोष्ठी ने योग, स्वास्थ्य सेवा और अनुसंधान के क्षेत्रों के प्रतिष्ठित विशेषज्ञों को चिकित्सा पद्धति में योग को शामिल करने के बहुत से लाभों का पता लगाने के लिए एक मंच प्रदान किया। डॉ. सुजाता जॉर्ज योग और प्राकृतिक चिकित्सा वरिष्ठ सलाहकार चिकित्सक ने बताया कि इस कार्यक्रम में सफदरजंग अस्पताल के लगभग 85 चिकित्सा पेशेवरों ने भाग लिया, जिनमें डॉ. जयंती मणि अतिरिक्त चिकित्सा अधीक्षक, डॉ. आर पी अरोड़ा एएमएस, डॉ. गौरव अरोड़ा एएमएस, एलोपैथी डॉक्टर, रेजिडेंट, नर्सिंग स्टाफ, स्वास्थ्य सेवा प्रशासक और आयुष विभाग के डॉक्टर शामिल थे।
संगोष्ठी की मुख्य हाइलाइट्स में शामिल थी:
भारतीय प्रतिस्पर्धा आयोग (सीसीआई/आयोग) ने कार्टेलाइजेशन (गुटबंदी) के प्रतिस्पर्धा-विरोधी आचरण में लिप्त होने के लिए…
भारतीय प्रतिस्पर्धा आयोग (सीसीआई) ने प्रतिस्पर्धा अधिनियम, 2002 (अधिनियम) की धारा 27 के अंतर्गत दिनांक…
हाल के हफ़्तों में चीनी की कीमतें बढ़ी हैं। 20 जुलाई 2026 को यह ₹48.18…
केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने आज पश्चिम बंगाल के सिलिगुड़ी में तीन नए कानूनों…
भारत-नेपाल संयुक्त कार्य समूह (जेडब्ल्यूजी) की 14वीं बैठक 20–21 अगस्त 2026 को देहरादून में आयोजित…
राष्ट्रीय राजमार्गों पर सड़क सुरक्षा प्रणालियों की व्यापक समीक्षा के लिए भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण…