समूचे देश में आज जैन धर्म के 24वें और अंतिम तीर्थंकर, भगवान महावीर की जयंती मनाई जा रही है। आज के दिन भगवान महावीर की विशेष प्रार्थना की जाती है और रथयात्रा निकाली जाती है। यह पर्व करूणा, संयम और सत्य के व्रत का पालन करने का संदेश देता है।
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने आज महावीर जयंती के अवसर पर समस्त देशवासियों और विशेषतौर पर जैन समुदाय के लोगों को शुभकामनाएं दी हैं। राष्ट्रपति मुर्मु ने अपने संदेश में कहा कि भगवान महावीर के पांच सिद्धांत-अहिंसा, सत्य, अस्तेय, ब्रह्मचर्य और अपरिग्रह-जीवन में सत्य पथ चलने के लिए प्रेरित करते हैं।
राष्ट्रपति ने कहा कि इन सिद्धांतों को अपनाकर नागरिक अपने जीवन को सार्थक बना सकते हैं और समाज में सकारात्मक बदलाव ला सकते हैं। राष्ट्रपति मुर्मु ने कहा कि भगवान महावीर ने समाज में व्याप्त बुराइयों के विरुद्ध आवाज उठाई और बेहतर जीवन का मार्ग प्रशस्त किया और उनकी शिक्षाएं सदा प्रासंगिक रहेंगी।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने भगवान महावीर जन्म कल्याणक के पवित्र अवसर पर हार्दिक शुभकामनाएं दीं। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि भगवान महावीर का जीवन और शिक्षाएं सत्य, अहिंसा और करुणा के मार्ग को प्रकाशित करती हैं। प्रधानमंत्री ने कहा, “उनके आदर्श आध्यात्मिक रूप से उत्थानकारी हैं और आज के समय में भी अत्यंत प्रासंगिक हैं। समानता और करूणा के लिए उनका भाव हमें समाज के प्रति हमारी साझा जिम्मेदारी का स्मरण कराता है।”





