मध्यप्रदेश विधानसभा ने समान नागरिक संहिता-यूसीसी विधेयक पारित कर दिया है। हमारे संवाददाता ने बताया कि सदन में विपक्ष के हंगामे और विरोध के बीच यह विधेयक पारित हुआ।
यूसीसी के प्रमुख प्रावधानों के अनुसार प्रदेश में एक से अधिक विवाह मान्य नहीं होगा। तलाक की प्रक्रिया कानूनी होगी। महिला और पुरुष को समान उत्तराधिकार का अधिकार मिलेगा। लिव–इन रिलेशनशिप में एक महीने के भीतर पंजीकरण करवाना अनिवार्य होगा और विवाह का रजिस्ट्रेशन ग्रामीण स्तर तक जरूरी किया जाएगा। हालांकि, आदिवासी समाज को इससे अलग रखा गया है।
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