बिज़नेस

केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने इटली के उप-प्रधानमंत्री तथा विदेश एवं अंतर्राष्ट्रीय सहयोग मंत्री एंटोनियो तजानी से भेंट की

केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने आज इटली के उप-प्रधानमंत्री एवं विदेश मंत्री एंटोनियो तजानी से मुलाकात की और द्विपक्षीय व्यापार एवं निवेश संबंधों को मजबूत करने पर चर्चा की। बैठक से भारत और इटली के बीच लोकतंत्र एवं निष्पक्षता के साझा मूल्यों पर आधारित दीर्घकालिक संबंधों को मजबूती मिली। दोनों नेताओं ने आर्थिक सहयोग बढ़ाने के तरीकों पर चर्चा की और इस भागीदारी को आगे बढ़ाने के लिए नए रास्ते तलाशे।

यह उच्च स्तरीय सहभागिता नवंबर 2024 में दोनों प्रधानमंत्रियों के स्तर पर सहमत संयुक्त रणनीतिक कार्य योजना 2025-2029 को उद्देश्यपूर्ण गति के साथ आगे बढ़ाने, सुगम व्यापार प्रवाह को बढ़ावा देने, निवेश के अवसरों को बढ़ावा देने और ठोस परिणाम प्राप्त करने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है, ताकि दोनों देशों को लाभ पहुंचाने वाली समृद्ध, पारस्परिक रूप से लाभकारी भागीदारी का मार्ग प्रशस्त हो सके। यह ध्यान देने योग्य है कि भारत-इटली व्यापार 2023-2024 में लगभग 15 बिलियन अमेरिकी डॉलर होने का अनुमान है, जबकि वर्ष 2000 से इटली से भारत में प्रत्यक्ष विदेशी निवेश लगभग 4 बिलियन अमेरिकी डॉलर होने का अनुमान है।

चर्चा के दौरान दोनों नेताओं ने भारत की गतिशील और तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था की प्रासंगिकता को स्वीकार किया तथा विकास और समृद्धि प्राप्त करने के लिए व्यापार संबंधों में विविधता लाने और आर्थिक संबंधों को विस्तृत करने के महत्व पर बल दिया।

बैठक में यूरोपीय संघ-भारत मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) वार्ता की प्रगति पर भी चर्चा की और वार्ता को सुव्यवस्थित करने के लिए व्यापार मुद्दों को प्राथमिकता देने और उभरते जोखिमों के खिलाफ व्यापार को स्थिरता प्रदान करने के लिए लचीली मूल्य श्रृंखलाओं का निर्माण करने हेतु व्यावसायिक रूप से सार्थक पैकेज देने के महत्व पर बल दिया।

फार्मा, कपड़ा, उद्योग 4.0 और तकनीकी सहयोग, रत्न एवं आभूषण, जहाज निर्माण, ऊर्जा पारगमन और कृषि-तकनीक तथा खाद्य प्रसंस्करण को सहयोग के प्रमुख क्षेत्रों के रूप में रेखांकित किया गया। इटली ने अपने व्यापार संबंधों में विविधता लाने के लिए भारत के साथ रणनीतिक साझेदार के रूप में जुड़ने की आवश्यकता को पहचाना। निर्यातकों और निवेशकों के सामने आने वाली व्यापार बाधाओं पर भी चर्चा की गई, दोनों पक्षों ने निरंतर बातचीत के माध्यम से ऐसे मुद्दों का समाधान करने पर सहमति व्यक्त की। दोनों मंत्रियों ने पहले भारत-इटली व्यापार, विज्ञान और प्रौद्योगिकी मंच के पूर्ण सत्र में भाग लिया और भारतीय और इटली के व्यापार जगत के अग्रणी व्यक्तियों के साथ बातचीत भी की।

दोनो पक्षों ने इस बात पर सहमति व्यक्त कि आर्थिक सहयोग के लिए संयुक्त आयोग की अगली बैठक इटली में पारस्परिक रूप से सुविधाजनक समय पर आयोजित की जाएगी, जिसमें द्विपक्षीय व्यापार को आगे बढ़ाने, बाजार पहुंच बढ़ाने और निवेश को प्रोत्साहन देने के लिए एक उच्च स्तरीय व्यापारिक प्रतिनिधिमंडल भी सम्मिलित होगा।

Editor

Recent Posts

आगामी मानसून से पहले बाढ़ के पूर्वानुमान मॉडल पर भारत और नेपाल के बीच काठमांडू में बैठक

आगामी मानसून से पहले बाढ़ के पूर्वानुमान मॉडल पर भारत और नेपाल के बीच काठमांडू…

7 घंटे ago

मौसम विभाग का अगले दो दिन पूर्वोत्तर और देश के प्रायद्वीपीय हिस्सों में तेज वर्षा का अनुमान

मौसम विभाग ने अगले दो दिनों के दौरान असम, मेघालय, सिक्किम, अरुणाचल प्रदेश, नागालैंड, मणिपुर,…

7 घंटे ago

सरकार ने स्वदेशी तकनीक का उपयोग करते हुए नागरिकों को आपदा की तत्काल सूचना देने के लिए सेल ब्रॉडकास्ट सिस्टम शुरू किया

सरकार ने स्वदेशी तकनीक का उपयोग करते हुए नागरिकों को आपदा की तत्काल सूचना देने…

7 घंटे ago

लोकसभा अध्यक्ष ने वर्ष 2026-27 के लिए चार संसदीय समितियों का पुनर्गठन किया

लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने वर्ष 2026-27 के लिए चार संसदीय समितियों का पुनर्गठन किया…

7 घंटे ago

सुप्रीम कोर्ट ने पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव की मतगणना के लिए केंद्रीय कर्मचारियों की नियुक्ति के खिलाफ तृणमूल कांग्रेस की याचिका में दखल देने से इनकार

सर्वोच्च न्यायालय ने पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव की मतगणना के लिए केंद्रीय कर्मचारियों की नियुक्ति…

7 घंटे ago