वाइस एडमिरल गुरचरण सिंह नेवाइस एडमिरल अजय कोचर से राष्ट्रीय रक्षा अकादमी के कमांडेंट का पदभार ग्रहण किया। राष्ट्रीय रक्षा अकादमी (खड़गवासला) के पूर्व छात्र रहे गुरचरण सिंह को 01 जुलाई 1990 को भारतीय नौसेना में कमीशन मिला था।
उन्होंने समुद्र और तट दोनों पर कई पदों पर कार्य किया।एक तोपखाने और मिसाइल विशेषज्ञ के रूप में,उन्होंने भारतीय नौसेना के जहाज रंजीत और प्रहार पर काम किया है। उन्हें तीन स्वदेशी निर्मित युद्धपोतों के कमीशनिंग क्रू का हिस्सा होने का गौरव प्राप्त है,आइएनएस ब्रह्मपुत्र/ गनरी ऑफिसर के रूप में, आइएनएसशिवालिक/ कार्यकारी अधिकारी के रूप में, और आइएनएसकोच्चि/ कमांडिंग ऑफिसर के रूप में। उन्होंने आइएनएस विद्युत और आइएनएस खुखरी की कमान भी संभाली है। वे आइएनएसद्रोणाचार्य (गनरी स्कूल) में प्रशिक्षक और गोवा के नेवल वॉर कॉलेज के डिप्टी कमांडेंट रह चुके हैं। उनके स्टाफ कार्यकाल में कार्मिक निदेशालय/ एनएचक्यू कार्मिक के सहायक प्रमुख, नौसेना खुफिया निदेशालय/ एनएचक्यूऔर भारतीय नौसेना वर्क-अप टीम में नियुक्तियाँ शामिल हैं।
29 नवंबर 2022 को उन्होंने पूर्वी बेड़े के फ्लैग ऑफिसर कमांडिंग का पदभार संभाला। इस कार्यकाल के दौरान, बेड़े ने ‘ऑर्डनेंस ऑन टारगेट’ मिशन पर मारक केन्द्रीयता के साथ परिचालन तैयारियों के उच्चतम उत्साह को बनाए रखा। 15 जनवरी 2024 को वाइस एडमिरल के पद पर पदोन्नत होने पर, फ्लैग ऑफिसर को नियंत्रक कार्मिक सेवा के रूप में नियुक्त किया गया, जिसमें कर्मियों और नौसेना समुदाय की कार्य स्थिति में सुधार के लिए विभिन्न पहल की गईं।
उन्हें अपने बैच में ‘प्रारंभिक प्रशिक्षण के दौरान समग्र योग्यता क्रम में प्रथम स्थान’ प्राप्त करने के लिए एडमिरल कटारी ट्रॉफी से सम्मानित किया गया। उनकी कमान के तहत, आइएनएसखुखरी को दिसंबर 2011 में समग्र परिचालन प्रभावशीलता और एंटी-पायरेसी ऑपरेशन के सफल संचालन के लिए चीफ ऑफ नेवल स्टाफ ‘यूनिट प्रशस्ति पत्र’ से सम्मानित किया गया था। उन्हें एफओसी-इन-सी कमेंडेशन (2002), नौसेना पदक (2020) और अति विशिष्ट सेवा पदक (2024) से भी सम्मानित किया गया है।
उनकी शैक्षणिक योग्यताओं में एमएससी और एमफिल (रक्षा और सामरिक अध्ययन) शामिल हैं। डीएसएससी वेलिंगटन में स्टाफ कोर्स, नेवल वॉर कॉलेज में उच्च कमान और भारत में एनडीसी पाठ्यक्रमों के अलावा, उन्होंने नेशनल इंटेलिजेंस यूनिवर्सिटी (एनआईयू), वाशिंगटन में समुद्री खुफिया पाठ्यक्रम और स्टॉकहोम, स्वीडन में संयुक्त राष्ट्र स्टाफ ऑफिसर्स कोर्स (यूएनएसओसी) में भाग लिया है।
वाइस एडमिरल गुरचरण सिंह के नेतृत्व में, राष्ट्रीय रक्षा अकादमी को परिचालन, प्रशिक्षण और मानव संसाधन प्रबंधन के सभी क्षेत्रों में उनके विशाल अनुभव और ज्ञान से काफी लाभ मिलेगा।
विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर ने कहा है कि भारत का लक्ष्य 2047 तक अपनी…
भारतीय ध्वज वाले दो एलपीजी जहाज जग वसंत और पाइन गैस ने आज शाम होर्मुज…
अमेरिका के राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप ने होर्मुज जल-डमरू-मध्य को फिर से खोलने के लिए ईरान…
पश्चिम एशिया में हाल के घटनाक्रमों के कारण मार्ग और पारगमन के तरीकों में बदलाव…
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने आज उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में एक इमारत गिरने की दुर्घटना…
श्रीलंका की संसद में अवसंरचना और मामलों की संसदीय निगरानी समिति के अध्यक्ष एस. एम.…