केंद्र सरकार ने आंध्र प्रदेश के ग्रामीण स्थानीय निकायों को वित्त वर्ष 2025-26 के लिए पंद्रहवें वित्त आयोग का अनुदान जारी कर दिया है। मूल अनुदान की पहली किस्त के रूप में 410.76 करोड़ रुपए की राशि वितरित कर दी गई है। इस धनराशि से राज्य की सभी 13 जिला पंचायतों (जिला प्रजा परिषदों), 650 पात्र ब्लॉक पंचायतों (मंडल प्रजा परिषदों) और 13,327 ग्राम पंचायतों में से 13,092 पात्र ग्राम पंचायतों को लाभ होगा।
ग्रामीण स्थानीय निकायों/पंचायती राज संस्थाओं (पीआरआई) द्वारा संविधान की ग्यारहवीं अनुसूची में निहित उनतीस (29) विषयों के अंतर्गत, वेतन और अन्य स्थापना लागतों को छोड़कर, स्थान-विशिष्ट आवश्यकताओं के लिए, मूल अनुदानों का उपयोग किया जाएगा। बद्ध अनुदान का उपयोग (क) स्वच्छता और ओडीएफ स्थिति का अनुरक्षण और (ख) पेयजल, वर्षा-जल संचयन और जल पुनर्चक्रण की आपूर्ति जैसी मूल सेवाओं के लिए किया जा सकेगा।
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