वित्त मंत्री निर्मला सीतारामन ने बैंकों में कोर बैंकिंग पर विशेष ध्यान देने पर जोर दिया है। आज नई दिल्ली में रिजर्व बैंक के केंद्रीय निदेशक मंडल की बैठक में वित्तमंत्री ने बैंकों से जमा और उधारी राशि से संबंधित प्रमुख कार्यों को प्राथमिकता देने को कहा।
रिजर्व बैंक भी और सरकार भी बार बार बैंकों को कह रहे हैं कि आप आपके कोर बिजनेस एक्टिविटी के ऊपर जरा ज्यादा ध्यान दें और थोडा सख्ती से डिपोजिट कलेक्ट करें फिर लैंड भी करें। क्योंकी बैंकिग को कोर एक्टिविटी यही है। बाद में कोई कुछ चार-पांच विषय नया पोर्टफोलियो है सब जोड सकते हैं मगर आपके कोर बिजनेस डिपोजिट कलैक्शन और लेंडिग मनी है।
वित्त मंत्री ने कहा कि सरकार बैंकिंग नियम संशोधन ला रही है जिसका लंबे समय से इंतजार था। उन्होंने कहा कि संशोधनों में सहकारी बैंकिंग क्षेत्र से संबंधित महत्वपूर्ण पुनर्गठन संशोधन शामिल हैं। उन्होंने कहा कि नामांकन प्रावधानों की शुरूआत एक ग्राहक-अनुकूल कदम है, जिससे यह सुनिश्चित होता है कि ग्राहकों के पास व्यक्तियों को नामांकित करने का विकल्प है और नामांकित व्यक्ति आसानी से अपने उचित अधिकारों का दावा कर सकता है।
इस अवसर पर रिजर्व बैंक के गवर्नर शक्तिकांत दास ने कहा कि बैंक ब्याज दरों पर फैसला लेने के लिए स्वतंत्र है। उन्होंने कहा कि जमा और उधारी पर ब्याज दर विनियमित होते रहते हैं।
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने आज राष्ट्रपति भवन में आयोजित दूसरे नागरिक सम्मान समारोह में पद्म…
राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी-एनटीए ने आज संयुक्त विश्वविद्यालय प्रवेश परीक्षा-सीयूईटी 2026 के स्नातक दाखिलों के परिणाम…
आईएनसीओआईएस ने समुद्री क्षेत्रों पर अल नीनो के संभावित प्रभावों को उजागर करने के लिए…
खान मंत्रालय ने महत्वपूर्ण और रणनीतिक खनिज ब्लॉकों की हाल की नीलामी के सफल समापन…
भारतीय प्रतिस्पर्धा आयोग (सीसीआई) ने एनएक्सट्रा डेटा लिमिटेड (लक्ष्य) में कुछ शेयरधारिता के अधिग्रहण के…
भारतीय प्रतिस्पर्धा आयोग (सीसीआई) ने होंडा मोटर कंपनी लिमिटेड द्वारा एस्टेमो लिमिटेड में 21 प्रतिशत…