केरल में मशीनी नौका से मछली पकड़ने पर आज रात से 52 दिन तक प्रतिबंध रहेगा। यह प्रतिबंध मछली पकडने वाली पारंपरिक नौकाओं पर लागू नहीं होगा। लेकिन इस अवधि में, बंदरगाहों और मछली लैंडिंग केंद्रों पर डीजल बंकर बंद रहेंगे। राज्य सरकार ने अन्य राज्यों की मछली पकड़ने वाली नौकाओं को तटवर्ती इलाकों को छोड़ने का आदेश दिया है। राज्य के तटवर्ती जिलों में, 15 मई से मछली नियंत्रण कक्ष निरंतर कार्य कर रहे हैं। प्रतिबंध के दौरान मछुआरों को निःशुल्क राशन दिया जाएगा। केरल सरकार 1988 से ऐसे प्रतिबंध लगा रही है। इसका उद्देश्य समुद्र में मछली पकड़ने के प्रभाव को कम करना है। इसके अलावा, यह समय मछलियों के प्रजनन का भी होता है और प्रतिबंध से समुद्र में मछलियों की संख्या बढ़ाने में मदद मिलती है।
यूनेस्को के विश्व धरोहर केंद्र ने भारत के तीन नए स्थलों को विश्व धरोहरों की…
दिल्ली उच्च न्यायालय ने कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के सह-संयोजक सौरव दास और आशुतोष रांका…
केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दूरदर्शी…
भारतीय सेना का सर्वोच्च स्तरीय द्विवार्षिक मंच सेना कमांडरों का सम्मेलन आज से शुरू हो…
भारत के केंद्रीय अप्रत्क्ष कर और सीमा शुल्क बोर्ड (सीबीआईसी) तथा न्यूज़ीलैंड सीमा शुल्क सेवा…
भारत ने अपुष्ट आरोपों के आधार पर चुनिंदा देशों को निशाना बनाने के लिए मानवाधिकारों…