भारत ने कल फिलीपींस को ब्रह्मोस सुपरसोनिक क्रूज मिसाइल की पहली खेप भेज दी है। आधिकारिक सूत्रों के अनुसार पहली खेप भारतीय वायुसेना के परिवहन विमान से भेजी गई। फिलीपींस होरिजन 2 के अंतर्गत संशोधित सशस्त्र बलों के आधुनिकीकरण के तहत प्राप्त कर रहा है। जनवरी 2022 में फिलीपींस ने भारत के साथ 3 हजार 750 लाख डॉलर का सौदा तय किया था। इसके अंतर्गत भारत और रूस के बीच संयुक्त उपक्रम मिसाइल के लिए पहले निर्यात ग्राहक को शोर बेस्ड तीन बैटरियां और ब्रह्मोस के एंटी-शिप के नये स्वरूप भेजे थे।
ब्रह्मोस रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (DRDO) और रूस के एनपीओ मशीनोंस्ट्रॉयइनिया का संयुक्त उपक्रम है। मिसाइल का नाम ब्रह्मपुत्र और मोसक्वा नदियों के नाम से लिया गया है। ब्रह्मोस की उड़ान का क्षेत्र सुपरसोनिक गति के साथ 290 किलोमीटर तक है। इस मिसाइल को भूमि, समुद्र, कम गहराई के समुद्र और आकाश से प्रक्षेपित किया जा सकता है। इसके उड़ान का क्षेत्र सुपरसोनिक गति से 290 किलोमीटर तक का है। यह 200 से 300 किलोग्राम वजन के पारंपरिक वारहेड को ले जा सकता है।
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