भारतीय नौसेना के प्रथम प्रशिक्षण स्क्वाड्रन (1टीएस) के पोत आईएनएस तीर, आईएनएस शार्दुल, आईएनएस सुजाता और आईसीजीएस सारथी 20 जनवरी, 2026 को इंडोनेशिया के बेलावन बंदरगाह पर पहुंचे। इस अवसर पर इंडोनेशियाई नौसेना द्वारा स्क्वाड्रन का गर्मजोशी से स्वागत किया गया, जिसके अंतर्गत पारंपरिक नृत्य प्रदर्शन सहित एक स्वागत समारोह आयोजित किया गया। ये जहाज वर्तमान में दक्षिण-पूर्व एशिया क्षेत्र में प्रशिक्षण अभियान पर तैनात हैं।
बेलावन बंदरगाह पर ठहराव के दौरान, भारतीय नौसेना और इंडोनेशिया की नौसेना के कर्मी विभिन्न नौसैन्य एवं सामाजिक गतिविधियों में भाग लेंगे, जिनमें क्रॉस-डेक दौरे और संयुक्त प्रशिक्षण कार्यक्रम शामिल हैं। इन गतिविधियों का उद्देश्य आपसी सहभागिता को बढ़ाना और समुद्री सहयोग को विस्तारित करना है। इसके अतिरिक्त, सांस्कृतिक आदान-प्रदान कार्यक्रम के अंतर्गत संयुक्त योग सत्र, स्कूली बच्चों के लिए जहाज भ्रमण, मैत्रीपूर्ण खेल प्रतियोगिताएं और सामुदायिक संपर्क गतिविधियां भी आयोजित की जाएंगी।
इंडोनेशिया में प्रथम प्रशिक्षण स्क्वाड्रन की तैनाती भारत की ‘एक्ट ईस्ट’ नीति के अनुरूप दक्षिण-पूर्व एशियाई देशों के साथ भारत की निरंतर सहभागिता को उजागर करती है। यह तैनाती हिंद महासागर नौसेना संगोष्ठी (आईओएनएस) के सदस्य देशों के साथ नियमित नौसैन्य संपर्क व प्रशिक्षण आदान-प्रदान के माध्यम से ‘महासागर’(क्षेत्र में सुरक्षा एवं विकास के लिए पारस्परिक और समग्र उन्नति) की परिकल्पना को भी सुदृढ़ करती है।
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