भारत

आवासन और शहरी कार्य मंत्रालय ने स्वच्छ सर्वेक्षण 2024 के 9वें संस्करण की तीसरी तिमाही (क्यू3) का आरंभ किया

आवासन और शहरी कार्य मंत्रालय ने स्वच्छ सर्वेक्षण 2024 के 9वें संस्करण की तीसरी तिमाही (क्यू3) का आरंभ किया। सर्वेक्षण का तीसरा चरण बल्क वेस्ट जेनरेटर (बीडब्ल्यूजी) में अपशिष्ट प्रबंधन की संपूर्ण मूल्य श्रृंखला के मूल्यांकन पर केंद्रित होगा। व्यापक स्वच्छ सर्वेक्षण में 4 तिमाहियों का मूल्यांकन शामिल है। पहली दो तिमाहियों में शहर की सफाई के विभिन्न मापदंडों पर नागरिकों से टेलीफोन पर प्रतिक्रिया शामिल है, तीसरी तिमाही में प्रसंस्करण सुविधाओं के मूल्यांकन पर ध्यान केंद्रित किया गया है, जबकि चौथी तिमाही में सभी संकेतकों पर क्षेत्र मूल्यांकन पर प्रकाश डाला गया है।

शहरी भारत में प्रतिदिन लगभग 150,000 टन कचरा उत्पन्न होता है। बढ़ते शहरीकरण और जीवनशैली में बदलाव के कारण नगरपालिका के ठोस कचरे में काफी वृद्धि देखी जा सकती है। आवासन और शहरी कार्य मंत्रालय के अनुसार, अनुमान है कि शहर में लगभग 30 से 40 प्रतिशत कचरा बीडब्ल्यूजी द्वारा उत्पन्न होता है। ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम, 2016 बीडब्ल्यूजी को उन संस्थाओं के रूप में परिभाषित करता है, जिनकी औसत अपशिष्ट उत्पादन दर प्रतिदिन 100 किलोग्राम से अधिक है, जिसमें सभी प्रकार के अपशिष्ट शामिल हैं। इस नियम का उद्देश्य शहरी स्थानीय निकायों पर प्रबंधन और वित्तीय बोझ को कम करना, कचरे को लैंडफिल में जाने से रोकना और वायु, मिट्टी व भूजल प्रदूषण के साथ-साथ शहर के कार्बन फुटप्रिंट को कम करना है। आवासीय और वाणिज्यिक परिसरों, केंद्र सरकार के मंत्रालयों, सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों और निजी निकायों, सामाजिक बुनियादी ढांचे जैसे होटल, विश्वविद्यालय, रेलवे और बस स्टेशन, हवाई अड्डों जैसे थोक अपशिष्ट उत्पादकों को स्रोत पर कचरे को अलग करना, अपने परिसर में खाद बनाने वाली इकाइयां स्थापित करके खाद और बायोगैस का उत्पादन करने के लिए जैव-अपघटनीय कचरे का वैज्ञानिक प्रसंस्करण सुनिश्चित करना आवश्यक है। बीडब्ल्यूजी को निर्माण और तोड़फोड़ (सीएंडडी) से उत्पन्न कचरे को भी अलग से संग्रहित करना है।

कुल अपशिष्ट उत्पादन में उनकी महत्वपूर्ण हिस्सेदारी को देखते हुए, बीडब्ल्यूजी की कार्रवाइयां स्वच्छ भारत मिशन-शहरी 2.0 के भविष्य को निर्धारित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं, जिसका लक्ष्य शहरों को कचरा मुक्त बनाना है। स्वच्छ भारत मिशन-शहरी के विभिन्न कार्यान्वयन घटकों में शहरी स्थानीय निकायों की क्षमता निर्माण के निरंतर प्रयासों के हिस्से के रूप में, स्वच्छ सर्वेक्षण 2024 की तीसरी तिमाही 5 जुलाई को शुरू होगी, जिसमें स्थानीय शहरी निकायों के अधिकार क्षेत्र में बीडब्ल्यूजी द्वारा उत्पन्न कचरे के संग्रह, परिवहन, प्रसंस्करण और अंतिम निस्तारण सहित अपशिष्ट प्रबंधन के सभी पहलुओं को मान्य किया जाएगा।

चार तिमाहियों में फैले, स्वच्छ सर्वेक्षण 2024 की चौथी तिमाही सितंबर-अक्टूबर, 2024 के आसपास शुरू होने की उम्मीद है।

Editor

Recent Posts

विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने मुंबई में अमरीकी कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल से मुलाकात की

विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर ने आज मुंबई में अमरीकी कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल से मुलाकात की।…

16 घंटे ago

भारत ने यूएन में अपने ‘परमाणु हथियारों का पहले इस्तेमाल न करने’ के संकल्प पर जोर दिया

भारत ने परमाणु हथियारों का पहला प्रयोग न करने और गैर-परमाणु हथियार संपन्न देशों के…

16 घंटे ago

विदेश मंत्री डॉ जयशंकर ने UAE के उपप्रधानमंत्री शेख अब्दुल्ला बिन ज़ायद अल नाहयान से मुलाकात की

विदेश मंत्री सुब्रह्मण्‍यम जयशंकर ने आज मुंबई में संयुक्त अरब अमीरात-यूएई के उपप्रधानमंत्री शेख अब्दुल्ला…

16 घंटे ago

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने SCO के सदस्य देशों से आतंकवाद के पूरे तंत्र को समाप्त करने के लिए सामूहिक प्रयास करने का आह्वान किया

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने शंघाई सहयोग संगठन (एससीओ) के सदस्य देशों से आतंकवाद के…

16 घंटे ago

WWF-इंडिया EIACP ने 20 अक्टूबर से 8 नवंबर 2026 तक राष्ट्रव्यापी ग्रीन दिवाली अभियान शुरू किया, नागरिकों से पटाखे-मुक्त दिवाली मनाने की अपील की

केंद्रीय पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्रालय के सहयोग से, डब्ल्यूडब्ल्यूएफ -इंडिया के प्रोग्राम सेंटर…

16 घंटे ago

70वां धम्मचक्र प्रवर्तन दिवस आज नागपुर के दीक्षाभूमि में मनाया जाएगा

70वां धम्मचक्र प्रवर्तन दिवस आज नागपुर के दीक्षाभूमि में मनाया जाएगा। भारतीय संविधान के शिल्पकार…

23 घंटे ago