नासा ने यूरोपा क्लिपर लॉन्च किया है, जो किसी ग्रह मिशन के लिए बनाया गया अब तक का सबसे बड़ा अंतरिक्ष यान है। इस अंतरिक्ष यान का उद्देश्य यह जांचना है कि बृहस्पति के चंद्रमा यूरोपा में जीवन के लिए उपयुक्त परिस्थितियाँ हैं या नहीं। रोबोटिक सौर ऊर्जा से चलने वाला यह यान 5 साल और 6 महीने में लगभग 2 अरब 90 करोड़ किलोमीटर की यात्रा करने के बाद वर्ष 2030 में बृहस्पति के चारों ओर की कक्षा में प्रवेश करेगा। यूरोपा क्लिपर का नाम इसके गंतव्य, बृहस्पति के बर्फीले चंद्रमा यूरोपा के नाम पर रखा गया है।
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