बिज़नेस

NMDC ने जनवरी में अब तक का सर्वश्रेष्ठ उत्पादन एवं बिक्री दर्ज की, 5.56 मिलियन टन लौह अयस्क का उत्पादन और 4.79 मिलियन टन की बिक्री

भारत की सबसे बड़ी लौह अयस्क उत्पादक कंपनी एनएमडीसी ने वित्त वर्ष 2026 के 9 माह में मात्रा और वित्तीय दोनों क्षेत्रों में मजबूत वृद्धि दर्ज करते हुए शानदार प्रदर्शन किया।

जिम्‍मेवार खनिक ने जनवरी में अब तक का सर्वश्रेष्ठ उत्पादन एवं बिक्री दर्ज की, जिससे कंपनी की प्रचालन गति और मजबूत हुई। कंपनी ने 5.56 मिलियन टन लौह अयस्क का उत्पादन किया और 4.79 मिलियन टन की बिक्री की, जो पिछले वर्ष की इसी अवधि की तुलना में उत्पादन में 9% और बिक्री में 7% की मजबूत वार्षिक वृद्धि दर्शाती है। जनवरी 2026 तक कंपनी का संचयी प्रदर्शन इस प्रगति को और भी उजागर करता है। उत्पादन बढ़कर 42.65 मिलियन टन हो गया, जो 19% की सर्वोच्‍च वृद्धि को दर्शाता है, जबकि बिक्री बढ़कर 39.73 मिलियन टन हो गई, जो वार्षिक आधार पर 9.7% की वृद्धि है।

वित्तीय प्रदर्शन पर, एनएमडीसी ने स्थापना के बाद से वित्त वर्ष 2026 के प्रथम नौ माह में शानदार प्रदर्शन किया। राजस्व में 22% की वृद्धि दर्ज की गई और यह ₹20,381 करोड़ तक पहुंच गया, जबकि पीबीटी में 5% की वृद्धि हुई और यह ₹7,280 करोड़ तक पहुंच गया। पीएटी में 4% की वृद्धि हुई और यह ₹5,401 करोड़ तक पहुंच गया, जबकि ईबीआईटीडीए बढ़कर ₹7,666 करोड़ हो गया, जो 5% की वृद्धि दर्शाता है। एनएमडीसी ने अपने शेयरधारकों के लिए प्रति शेयर 2.50 रुपये का अंतरिम लाभांश भी घोषित किया। यह प्रदर्शन रिकॉर्ड मात्रा और निरंतर प्रचालन उत्कृष्टता के कारण ही संभव हुआ, जिससे एनएमडीसी भारत की सबसे मजबूत खनन कंपनियों में से श्रेष्‍ठ कंपनी के रूप में स्थापित हो गई है।

स्थापना के बाद से अब तक के सर्वश्रेष्ठ आंकड़े हासिल करके एनएमडीसी अपने वार्षिक लक्ष्यों को पूरा करने की दिशा में मजबूती से आगे बढ़ रही है। जनवरी में कंपनी की प्रथम कोयला खदान – झारखंड में टोकीसुद नॉर्थ कोयला खदान का उद्घाटन भी एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है, जो एनएमडीसी के इतिहास में एक और बड़ी सफलता हासिल की है।

यह प्रदर्शन एनएमडीसी के रणनीतिक फोकस, प्रचालन क्षमता और दीर्घकालिक दृष्टिकोण को दर्शाता है। कंपनी अपने पोर्टफोलियो में विविधता लाने और अपनी क्षमताओं को मजबूत करने के साथ-साथ जिम्मेवार खनन और सतत विकास के प्रति अपनी दृढ़ प्रतिबद्धता कायम रखती है, जिससे भारत के खनन क्षेत्र में इसकी अग्रणी स्थिति और मजबूत होती जा रही है।

Editor

Recent Posts

रक्षा मंत्रालय ने तुंगुस्का वायु रक्षा मिसाइल प्रणाली और पी8आई विमान के डिपो स्तरीय निरीक्षण के लिए 858 करोड़ रुपये के अनुबंध पर हस्ताक्षर किए

रक्षा मंत्रालय ने तुंगुस्का वायु रक्षा मिसाइल प्रणाली की खरीद और पी8आई दीर्घ-श्रेणी समुद्री टोही…

16 मिनट ago

पंचायती राज संस्थानों को सुदृढ़ बनाने के लिए गोवा और महाराष्ट्र को पंद्रहवें वित्त आयोग से 592 करोड़ रुपये से अधिक का अनुदान मिला

केंद्र सरकार ने गोवा और महाराष्ट्र में पंचायती राज संस्थानों (पीआरआई)/ग्रामीण स्थानीय निकायों को वित्त…

19 मिनट ago

अमरीका के राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप ने ईरान के होर्मुज जल-डमरू-मध्य खोलने की समयसीमा छह अप्रैल तक बढ़ाई

अमरीका के राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रम्प ने ईरान के होर्मुज जल-डमरू-मध्य खोलने की समय सीमा 6…

2 घंटे ago

केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान से आज नई दिल्ली में महाराष्ट्र के कृषि मंत्री दत्तात्रय विठोबा भरणे ने मुलाकात की

केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान से आज नई दिल्ली में महाराष्ट्र के कृषि मंत्री…

2 घंटे ago

पीयूष गोयल ने WTO में सुधारों को पारदर्शी, समावेशी और सदस्य-संचालित प्रक्रिया के माध्यम से लागू करने का आह्वान किया, जिसमें विकास को केंद्र में रखा जाए

विश्व व्यापार संगठन(डब्ल्यूटीओ) का 14वां मंत्रिस्तरीय सम्मेलन 26 मार्च 2026 को कैमरून के याउंडे में…

2 घंटे ago