महारत्न कंपनी और भारतीय बिजली तथा बुनियादी ढांचा क्षेत्र में अग्रणी एनबीएफसी भारतीय पीएसयू पीएफसी 1 अरब 265 लाख डॉलर के अब तक के सबसे बड़े विदेशी मुद्रा सावधि ऋण जारी करने के सफल समापन की घोषणा करते हुए गर्व महसूस कर रही है। यह ऐतिहासिक लेनदेन आईएफएससी गिफ्ट सिटी गांधीनगर स्थित कई बैंकों के साथ एक समझौते के माध्यम से किया गया था।
ऋण को मुख्य रूप से थर्मल उत्पादन परियोजनाओं के अलावा अन्य परिसंपत्तियों के वित्तपोषण के लिए दिया जाएगा। इससे डीकार्बोनाइजेशन और हरित ऊर्जा में संक्रमण के लिए पीएफसी की मजबूत प्रतिबद्धता को आगे बढ़ाया जाएगा। बहु-मुद्रा फंडिंग पीएफसी को अपने परिचालन का विस्तार करने, बाजार में अपनी उपस्थिति बढ़ाने, अपने फंडिंग स्रोतों में विविधता लाने और प्रतिस्पर्धी बढ़त बनाए रखने में सक्षम बनाएगी।
फ्लोटिंग रेट लोन वर्तमान में 4.21 प्रतिशत प्रति वर्ष की औसत दर पर, जी3 मुद्राओं – यूएसडी, यूरो और जेपीवाई में 5 साल का है। यह यूएसडी के लिए एसओएफआर, यूरो के लिए यूरीबोर, जेपीवाई के लिए टोना जैसे बाहरी बेंचमार्क दरों से जुड़ा हुआ है।
एसबीआई, आईडीबीआई, एक्सिस, एमयूएफजी, डॉयचे और एसएमबीसी इस मुद्दे के बैंकर थे। एसबीआई सबसे बड़ा ऋणदाता था और इस लेनदेन के लिए सुविधा एजेंट के रूप में भी काम कर रहा था।
भारतीय प्रतिस्पर्धा आयोग (सीसीआई/आयोग) ने कार्टेलाइजेशन (गुटबंदी) के प्रतिस्पर्धा-विरोधी आचरण में लिप्त होने के लिए…
भारतीय प्रतिस्पर्धा आयोग (सीसीआई) ने प्रतिस्पर्धा अधिनियम, 2002 (अधिनियम) की धारा 27 के अंतर्गत दिनांक…
हाल के हफ़्तों में चीनी की कीमतें बढ़ी हैं। 20 जुलाई 2026 को यह ₹48.18…
केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने आज पश्चिम बंगाल के सिलिगुड़ी में तीन नए कानूनों…
भारत-नेपाल संयुक्त कार्य समूह (जेडब्ल्यूजी) की 14वीं बैठक 20–21 अगस्त 2026 को देहरादून में आयोजित…
राष्ट्रीय राजमार्गों पर सड़क सुरक्षा प्रणालियों की व्यापक समीक्षा के लिए भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण…