भारतीय रिजर्व बैंक ने रेपो दर में पचास आधार अंकों की कमी कर दी है। इस कटौती के बाद रेपो दर छह प्रतिशत से घटकर साढ़े पांच प्रतिशत हो गई है। आरबीआई की मौद्रिक नीति समिति की आज सम्पन्न हुई तीन दिवसीय बैठक में यह निर्णय लिया गया। बैंक के गवर्नर संजय मल्होत्रा ने इस फैसले की जानकारी देते हुए कहा कि इस कटौती के बाद बैंक अपने ऋण देने की दरों में भी कमी ला सकते हैं। तरलता समायोजन सुविधा के तहत स्थायी जमा सुविधा दर को पांच दशमलव दो-पांच प्रतिशत किया गया है। इसके अलावा सीमांत स्थायी सुविधा और बैंक दर को पांच दशमलव सात-पांच प्रतिशत किया गया है।
मौद्रिक नीति समिति ने मौजूदा वित्त वर्ष के लिए सकल घरेलू उत्पाद विकास दर को साढे छह प्रतिशत पर रखा है।
निर्वाचन आयोग ने आज असम की नागांव लोकसभा सीट पर उपचुनाव की घोषणा कर दी…
दिल्ली सरकार ने सत्य निकेतन इमारत गिरने की घटना के बाद दक्षिण जोन के दिल्ली…
इलेक्ट्रॉनिकी एवं सूचना प्रौद्योगिकी तथा वाणिज्य एवं उद्योग राज्य मंत्री जितिन प्रसाद ने 1-2 सितंबर…
नीति आयोग के सदस्य राजीव गौबा ने 5वें ई-फास्ट इंडिया शिखर सम्मेलन 2026 में उद्घाटन…
वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय के विदेश व्यापार महानिदेशालय (डीजीएफटी) ने ट्रेड कनेक्ट ई-प्लेटफॉर्म के माध्यम…
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता में 7 सितंबर, 2026 को हुई रक्षा अधिग्रहण परिषद…