सर्वोच्च न्यायालय ने आज पश्चिम बंगाल के स्कूलों में पच्चीस हजार से अधिक शिक्षकों और अन्य कर्मचारियों की नियुक्ति को अमान्य करार देने वाले कलकत्ता उच्च न्यायालय के फैसले को बरकरार रखा। शीर्ष न्यायालय ने कहा कि पूरी चयन प्रक्रिया में धोखाधड़ी हुई है और इसकी विश्वसनीयता और वैधता खत्म हो गई है। इस प्रक्रिया में बेदाग उम्मीदवारों के लिए छूट भी दी जा सकती है। अदालत ने मानवीय आधार पर दिव्यांग कर्मचारियों के लिए छूट देते हुए कहा कि वे नौकरी में बने रहेंगे।
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