भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) ने कहा है कि दोबारा प्रयोग होने वाले प्रक्षेपण यान, पुष्पक का तीसरा और अंतिम प्रक्षेपण प्रयोग, आज सफलतापूर्वक पूर्ण हुआ। यह प्रयोग आज सुबह कर्नाटक के चित्रदुर्ग स्थित, एयरोनॉटिकल टेस्ट रेंज में किया गया। इससे प्रक्षेपण लागत में कमी आएगी और भविष्य में अंतरिक्ष अनुसंधान कार्यक्रम को उन्नत बनाने में सहायता मिलेगी।
पुष्पक में इनर्शियल सेंसर, रडार अल्टीमीटर, फ्लश एयर डेटा सिस्टम, स्यूडोलाइट सिस्टम और नाविक नेविगेशन तकनीक का प्रयोग किया गया है।
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