स्पैम कॉल की बढ़ती संख्या को रोकने के लिए एक बड़े कदम के रूप में, भारतीय दूरसंचार नियामक प्राधिकरण (ट्राई) ने सभी एक्सेस सर्विस प्रोवाइडर्स को एसआईपी/पीआरआई या अन्य दूरसंचार संसाधनों का उपयोग करने वाले सभी अपंजीकृत प्रेषकों या टेलीमार्केटर्स (यूटीएम) के वॉयस प्रमोशनल कॉल को रोकने का आदेश दिया है, चाहे वे पहले से रिकॉर्ड किए गए हों या कंप्यूटर जनरेटेड हों या अन्य। यह कदम टेलीकॉम कमर्शियल कम्युनिकेशन कस्टमर प्रेफरेंस रेगुलेशन, 2018 (टीसीसीसीपीआर-2018) के तहत उठाया गया है।
एक्सेस सर्विस प्रोवाइडर्स को जारी किए गए निर्देश निम्नलिखित हैं:
(अ) टेलीकॉम संसाधनों (एसआईपी/पीआरआई/अन्य दूरसंचार संसाधनों) का उपयोग करने वाले अपंजीकृत प्रेषकों/अपंजीकृत टेलीमार्केटर्स (यूटीएम) से सभी प्रमोशनल वॉयस कॉल तुरंत रोक दिए जाएंगे;
(ब) यदि कोई अपंजीकृत प्रेषक/अपंजीकृत टेलीमार्केटर (यूटीएम) विनियमों का उल्लंघन करते हुए अपने दूरसंचार संसाधनों (एसआईपी/पीआरआई/अन्य दूरसंचार संसाधनों) का दुरुपयोग कर वाणिज्यिक वॉयस कॉल करता हुआ पाया जाता है और उसके खिलाफ उपभोक्ताओं की ओर से शिकायत प्राप्त होती है, ऐसे में–
ट्राई द्वारा की गई इस निर्णायक कार्रवाई से स्पैम कॉल में उल्लेखनीय कमी आने और उपभोक्ताओं को राहत मिलने की उम्मीद है।
भारत 14 और 15 मई को ब्रिक्स विदेश मंत्रियों की बैठक की मेजबानी करेगा। विदेश…
देश भर में औषधि सुरक्षा को मजबूत करने और औषधियों के तर्कसंगत उपयोग को बढ़ावा…
राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं में सार्वजनिक धन बचाते हुए, भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण-एनएचएआई ने राष्ट्रीय राजमार्ग-44…
हिंद महासागर जहाज (आईओएस) सागर पहल के तहत तैनात, भारतीय नौसेना का आईएनएस सुनयना, बांग्लादेश…
विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी, पृथ्वी विज्ञान (स्वतंत्र प्रभार) और प्रधानमंत्री कार्यालय, कार्मिक, लोक शिकायत, पेंशन, परमाणु…
सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों -पीएसबी का वित्त वर्ष 2025-26 के दौरान मजबूत वित्तीय प्रदर्शन जारी…