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अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने होर्मुज जल-डमरू-मध्य को फिर से खोलने के लिए ईरान को दी गई समय सीमा को पांच दिन के लिए और बढ़ा दिया

अमेरिका के राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप ने होर्मुज जल-डमरू-मध्य को फिर से खोलने के लिए ईरान को दी गई समय सीमा को पांच दिन के लिए और बढ़ा दिया है। डोनाल्ड ट्रम्‍प ने कहा कि अमेरिका पांच दिन तक बिजली संयंत्रों पर हमले नहीं करेगा।

डोनाल्ड ट्रंप ने सोशल मीडिया पर यह घोषणा की और कहा कि अमेरिका और ईरान के अधिकारियों के बीच हाल ही में हुई बातचीत बहुत सकारात्‍मक रही है। उन्होंने विश्‍वास व्यक्‍त किया कि इससे संघर्ष का पूर्ण और व्यापक समाधान निकल सकता है।

डोनाल्ड ट्रम्‍प ने कहा कि ईरान के बिजली संयंत्रों पर हमले की धमकी को स्थगित करने का कारण बैठक और चर्चाओं की सफलता है। अमेरिका के राष्ट्रपति ने कहा कि दोनों पक्ष संभावित राजनयिक सफलता की दिशा में काम कर रहे हैं और पूरे सप्ताह बातचीत जारी रहेगी।

इस बीच, ईरान ने अमेरिका के साथ बातचीत की संभावना को पूरी तरह से खारिज कर दिया है । ईरान की आधिकारिक समाचार एजेंसी मेहर द्वारा जारी एक बयान में बताया गया है कि दोनों पक्षों के बीच फिलहाल कोई सीधी बातचीत नहीं हो रही है। ईरान के विदेश मंत्रालय ने अमेरिका के राष्ट्रपति ट्रम्प की हालिया टिप्पणियों को खारिज करते हुए कहा कि उनका उद्देश्य वैश्विक ऊर्जा बाजारों पर दबाव कम करना और संभावित सैन्य योजना के लिए समय लेना है।

इन राजनयिक संकेतों के बावजूद जमीनी स्थिति अस्थिर बनी हुई है। इस्राएल के उत्तरी मोर्चे पर दक्षिणी लेबनान में सैन्य अभियान तेज हो रहे हैं। सीमावर्ती क्षेत्रों में लगातार हवाई हमले और विध्वंस की खबरें आ रही हैं। वित्त मंत्री बेज़लेल स्मोट्रिच ने कहा कि इस्राएल को अपनी सीमा लिटानी नदी तक बढ़ा देनी चाहिए जो हिज़्बुल्लाह को निशाना बनाकर लेबनानी क्षेत्र पर कब्ज़ा करने की संभावना पर किसी वरिष्ठ अधिकारी द्वारा दिया गया अब तक का सबसे स्पष्ट बयान है।

खाड़ी क्षेत्र के अन्य देशों में क्षेत्रीय देश एक जटिल और बदलते सुरक्षा माहौल का सामना कर रहे हैं। सऊदी अरब, कतर और बहरीन के अधिकारियों ने नागरिक बुनियादी ढांचे पर मिसाइल और ड्रोन के खतरों से निपटने के लिए एक स्थायी समाधान की मांग की है। ओमान होर्मुज जल-डमरू-मध्य से सुरक्षित नौवहन सुनिश्चित करने पर केंद्रित मध्यस्थता के प्रयास जारी रखे हुए है, जबकि खाड़ी देश भविष्य में होने वाले हमलों के खिलाफ गारंटी की आवश्यकता पर जोर दे रहे हैं। संयुक्त अरब अमीरात में वायु रक्षा प्रणालियां हाई अलर्ट पर हैं। अधिकारियों ने पिछले कुछ घंटों में सात मिसाइलों और सोलह ड्रोनों को नष्‍ट किया है। राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान के राजनयिक सलाहकार अनवर गरगाश ने अंतरराष्ट्रीय प्रतिक्रिया की धीमी गति की आलोचना करते हुए खाड़ी जलक्षेत्र में नागरिक बुनियादी ढांचे पर हमलों को रोकने और नौवहन की स्वतंत्रता की रक्षा करने की मांग करने वाले बीस से अधिक देशों के गठबंधन के प्रति संयुक्त अरब अमीरात के समर्थन को दोहराया है।

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