विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने कहा है कि इस वर्ष होने वाले ब्रिक्स शिखर सम्मेलन की भारत की अध्यक्षता के दौरान लचीलापन, नवाचार, सहयोग और स्थिरता प्रमुख प्राथमिकताएं होंगी। ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के लोगो, थीम और वेबसाइट के लॉन्च के अवसर पर एस. जयशंकर ने कहा कि ये प्राथमिकताएं समूह के तीन मूलभूत स्तंभों – राजनीतिक और सुरक्षा, आर्थिक तथा वित्तीय और सांस्कृतिक तथा जन-समुदाय आदान-प्रदान – के लिए एक सुसंगत ढांचा प्रदान करेंगी। उन्होंने कहा कि भारत, शिखर सम्मेलन के दौरान वैश्विक कल्याण के लिए ब्रिक्स देशों की क्षमता को एकजुट करने का प्रयास करेगा।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन में भारत इस सम्मेलन में मानवता प्रथम और जनकेंद्रित दृष्टिकोण पर ध्यान केंद्रित करेगा। हमारी अध्यक्षता में सम्मेलन की विषयवस्तु लचीलेपन, नवाचार, सहयोग और टिकाऊपन पर आधारित है। यह विषयवस्तु ब्रिक्स सदस्यों के बीच सहयोग बढ़ाकर संतुलित और समोवशी तरीके से साझा चुनौतियों से निपटने के विश्वास को दर्शाती है।
डॉ० जयशंकर ने कहा कि ब्रिक्स इस वर्ष 20 वर्ष पूरे कर रहा है, इस दौरान यह उभरते बाजारों और विकासशील अर्थव्यवस्थाओं के बीच सहयोग के एक महत्वपूर्ण मंच के रूप में लगातार विकसित हुआ है।
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